चांदी की चमक ने तोड़ा हर रिकॉर्ड, पहली बार 3 लाख रुपये के पार पहुंचा भाव
सप्लाई की कमी ने बढ़ाई कीमत

नई दिल्ली। चांदी ने निवेशकों को चौंकाते हुए इतिहास रच दिया है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज ऑफ इंडिया (MCX) पर चांदी का भाव पहली बार 3,00,000 रुपये प्रति किलो के स्तर को पार कर गया। सिर्फ चांदी ही नहीं, बल्कि सोने की कीमतों में भी आज जबरदस्त तेजी देखने को मिल रही है। विशेषज्ञों के अनुसार अमेरिका और यूरोप के बीच बढ़ते ट्रेड वॉर और वैश्विक अनिश्चितता ने कीमती धातुओं को नई ऊंचाइयों तक पहुंचा दिया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कॉमेक्स पर चांदी का हाजिर भाव 93.055 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच गया।
9 महीनों में करीब 200% रिटर्न
चांदी की कीमतों ने निवेश के लिहाज से भी रिकॉर्ड प्रदर्शन किया है। यदि किसी निवेशक ने करीब 9 महीने पहले चांदी में निवेश किया होता, तो आज उसे 200 प्रतिशत से अधिक का रिटर्न मिल चुका होता। अप्रैल 2025 से अब तक चांदी ने जबरदस्त छलांग लगाई है। हैरानी की बात यह है कि सिर्फ नए साल 2026 में ही चांदी के भाव में करीब 20 प्रतिशत से ज्यादा की तेजी दर्ज की जा चुकी है।
सोने से तेज भाग रही चांदी
इस समय चांदी की रफ्तार सोने से भी ज्यादा तेज है। इसके पीछे केवल वैश्विक ट्रेड वॉर ही नहीं, बल्कि इंडस्ट्रियल सेक्टर में चांदी की बढ़ती मांग भी एक बड़ा कारण है। इलेक्ट्रॉनिक्स, सोलर पैनल और अन्य उद्योगों में चांदी का व्यापक उपयोग हो रहा है, जबकि सप्लाई उस अनुपात में नहीं बढ़ पा रही है।
सप्लाई की कमी ने बढ़ाई कीमत
डिमांड और सप्लाई के असंतुलन ने चांदी की कीमतों को और मजबूती दी है। विशेषज्ञ मानते हैं कि जब तक वैश्विक तनाव और औद्योगिक मांग बनी रहेगी, तब तक चांदी की चमक बरकरार रह सकती है। निवेशकों के लिए यह समय चांदी को लेकर नई रणनीति बनाने का संकेत दे रहा है।







