घरों में घुसा बारिश का पानी, वाहन डूबे – नलियां चोक होने के कारण नहीं निकल सका पानी ,

घरों में घुसा बारिश का पानी, वाहन डूबे
– नलियां चोक होने के कारण नहीं निकल सका पानी , अल्पना तिराहा, छह नंबर स्टेशन के पास हुआ जल जमाव
भोपाल यशभारत। प्रदेश में मानसून के रफ्तार पकड़ते ही लोगों को आफत का सामना भी करना पड़ रहा है। कई जिलों में नदियां उफान पर हैं तो वहीं शहरों की सड़कों और गलियों सहित कालोनियों में जल जमाव हो गया है। राजधानी भोपाल में गुरुवार शाम से शुरू हुआ बारिश का दौर शुक्रवार सुबह तक चला। लगातार हुई बारिश से कई इलाकों में लोगों के घरों में पानी जमा हो गया। हालात यह थी कि लोगों को अपने घरों का सामान सुरक्षित करने के लिए मशक्कत करनी पड़ी। सबसे ज्यादा परेशानी मेट्रो लाइन प्रोजेक्ट के कारण भी हुई है। जगह जगह हुए गड्ढों में पानी जमा हो गया। यशभारत टीम ने शहर के कुछ इलाकों का जायजा लिया तो चौंकाने वाले नजारे सामने आए। अल्पना तिराहा – अल्पना तिराहा से हमीदिया रोड तक के कई इलाकों में जल जमाव हो गया। यहां पर हालात यह थी कि लोगों के घुटनों तक पानी आ गया था। पैदल निकलने वाले लोगों को एक दूसरे का हाथ पकड़कर चलना पड़ा। मेट्रो लाइन प्रोजेक्ट के कारण यहां पर सबसे ज्यादा परेशानी हुई है। लोगों का कहना था कि निर्माण सामग्री पड़े होने के कारण पानी निकासी की जगह ही नहीं थी। निचली बस्ती – शाहजहांनाबाद स्थित छोटी बस्ती में हालात यह थी कि लोगों के घरों के अंदर पानी जमा हो गया था। कई वाहन पानी में डूब गए थे। शाम से ही लोग अपने घरों से पानी निकालने के लिए मशक्कत करते नजर आए। पानी अधिक होने के कारण बड़े वाहन निकल भी नहीं निकल सके। इलाके की कई दुकानों को जल्दी करना पड़ा। दरअसल दुकानों के अंदर भी पानी जमा हो गया था। दशहरा मैदान – अशोक गार्डन स्थित दशहरा मैदान की रोड बारिश के चलते खस्ताहाल हो गई। बारिश का दौर सड़क नहीं झेल सकी और डामर व सीमेंट तक निकल गया। बड़े बड़े गड्ढे भी रोड पर हो गए हैं। स्थानीय लोगों ने बताया कि बारिश के पहले पेंच वर्क किया गया था, लेकिन ज्यादा दिन पेंच वर्क निकल गया। गड्ढों के कारण वाहन फंस रहे हैं। गुरुवार हुई बारिश के कारण अब पानी जमा हो रहा है। बारिश के पहले व्यवस्था सुधारने का किया गया था दावा जिला प्रशासन व नगर निगम ने बारिश के पहले भोपाल में व्यवस्थाएं सुधारने का दावा किया था। कई जगहों पर अतिक्रमण हटाने के साथ ही नाले और नालियों की सफाई भी कई गई, लेकिन कुछ ही देर की बारिश ने व्यवस्थाओं की पोल खोलकर रख दी है। कई इलाकों में पानी की निकासी नहीं होने के कारण जल जमाव की स्थिति बनी। लोगों का कहना था कि स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने भी इस ओर ध्यान नहीं दिया जिसके कारण अब पूरी बरसात के मौसम में परेशानी का सामना करना पड़ेगा। सडक़ों पर 3-4 फीट तक पानी पुराने शहर के निचले इलाकों में 3 से 4 फीट तक पानी जमा है। करोंद के शिवनगर पारस धाम कॉलोनी, करोंद, कोलार, गांधी नगर, बैरागढ़, हर्षवर्धन नगर, नेहरू नगर, जहांगीराबाद सहित 20 से ज्यादा इलाकों में जल भराव की स्थिति बनी। भोपाल टाकीज, अल्पना तिराहा और नादरा बस स्टैंड इसरानी मार्केट तिराहे पर दो से तीन फीट पानी भर गया जिससे ट्रैफिक जाम हो गया। स्ट्रांग सिस्टम एक्टिव: मौसम विभाग के मुताबिक प्रदेश में स्ट्रांग सिस्टम एक्टिव हो चुका है। उत्तर पूर्वी हिस्से में साइक्लोनिक सर्कुलेशन है तो दक्षिण हिस्से से ट्रफ भी गुजर रही है। इन दो कारणों के चलते बारिश हो रही है। प्रदेश के कई जिलों में मौसम विभाग ने ऑरेंज व रेड अलर्ट जारी किया है।







