आईएसबीटी बस स्टैंड पर आगजनी हादसे के बाद नगर निगम का एक्शन, अब अवैध और लावारिस बसों से वसूला जाएगा भारी जुर्माना

आईएसबीटी बस स्टैंड पर आगजनी हादसे के बाद नगर निगम का एक्शन, अब अवैध और लावारिस बसों से वसूला जाएगा भारी जुर्माना
भोपाल, यशभारत। राजधानी के आईएसबीटी बस टर्मिनल पर हुई भीषण आगजनी की घटना के बाद नगर निगम प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बेहद सख्त रुख अपना लिया है। इस गंभीर हादसे के बाद अब निगम ने परिसर में लंबे समय से अवैध रूप से कब्जा जमाए बैठी और संचालन से बाहर हो चुकी प्राइवेट बसों के खिलाफ शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। नगर निगम आयुक्त रामप्रकाश अहिरवार के निर्देश पर अब ऐसी बसों के संचालकों को नोटिस जारी करने के साथ ही उनसे भारी किराया वसूला जाएगा।
निगम आयुक्त रामप्रकाश अहिरवार द्वारा किए गए औचक निरीक्षण के दौरान चौंकाने वाला खुलासा हुआ। जांच में सामने आया कि चार प्राइवेट बसें बीते 24 जुलाई से लावारिस हालत में टर्मिनल परिसर में खड़ी थीं। इन्हीं में से एक बस में लगी आग ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया था और नागपुर, अहमदाबाद तथा सूरत रूट की अन्य बसों को अपनी चपेट में ले लिया था। इस लापरवाही पर सख्त नाराजगी जताते हुए आयुक्त ने जुलाई से अब तक का पूरा निर्धारित किराया वसूलने और तुरंत बसों को परिसर से हटाने के निर्देश दिए हैं।
आईएसबीटी परिसर में बसों की बेतरतीब पार्किंग और मनमानी अब पूरी तरह बंद होगी। नई व्यवस्था के तहत अब नियमित रूप से संचालित होने वाली बसों को टर्मिनल परिसर में केवल यात्रियों को बैठाने और उतारने के लिए निर्धारित समय तक ही रुकने की अनुमति दी जाएगी। इस संबंध में जल्द ही ट्रेवल्स एजेंसी संचालकों के साथ विशेष बैठक आयोजित की जाएगी, ताकि नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित हो सके।
भविष्य में इस तरह की पुनरावृत्ति रोकने के लिए नगर निगम ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने का निर्णय लिया है। आईएसबीटी परिसर में आधुनिक फायर हाइड्रेंट स्थापित किए जाएंगे और बिजली की पूरी वायरिंग की सघन जांच कराई जाएगी। इसके अलावा, परिसर में साइकिल और ई-साइकिल के संचालन के लिए पीपीपी मॉडल पर नए सिरे से टेंडर जारी किए जाएंगे तथा यात्रियों की सुविधा के लिए नियमित साफ-सफाई और धुलाई के निर्देश भी दिए गए हैं।







