विवाह के एक साल बाद नवविवाहिता की संदिग्ध मौत, मायके पक्ष ने लगाया हत्या का आरोप
वेंटिलेटर पर थी दीक्षा, भाई के हाथ पर बनाए पांच लोगों के नाम के संकेत

जबलपुर, यशभारत। दमोह जिले के हटा निवासी 23 वर्षीय नवविवाहिता दीक्षा पांडे की रविवार सुबह जबलपुर के एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। दीक्षा को 30 सितंबर को ससुराल पक्ष द्वारा गंभीर हालत में जबलपुर के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। हालत नाजुक होने के कारण उसे वेंटिलेटर पर रखा गया था। रविवार सुबह उपचार के दौरान उसने दम तोड़ दिया। मौत की खबर मिलते ही मायके पक्ष में आक्रोश फैल गया। परिजनों ने ससुराल वालों पर दीक्षा को लंबे समय से प्रताड़ित करने और उसकी हत्या किए जाने की आशंका जताई है।
जानकारी के अनुसार दीक्षा का विवाह करीब एक वर्ष पहले अक्षय उर्फ सतीश मिश्रा के साथ हुआ था। अक्षय सीआरपीएफ में पदस्थ बताया जा रहा है। मायके पक्ष का आरोप है कि शादी के बाद से ही दीक्षा को ससुराल में परेशान किया जा रहा था। परिजनों के मुताबिक, 30 सितंबर को जब दीक्षा की तबीयत अचानक गंभीर हुई तो ससुराल वाले उसे जबलपुर लेकर पहुंचे और निजी अस्पताल में भर्ती कराया। इसके बाद मायके वालों को इसकी जानकारी मिली। अस्पताल पहुंचने पर परिजनों ने दीक्षा को वेंटिलेटर पर पाया।
बोल नहीं पा रही थी, भाई के हाथ पर बनाए नामों के संकेत

मायके पक्ष के अनुसार, इलाज के दौरान दीक्षा की हालत इतनी गंभीर थी कि वह बोलने की स्थिति में नहीं थी। इसी दौरान उसने अपने भाई भूपेंद्र के हाथ पर कैपिटल अक्षरों में कुछ नाम और संकेत बनाए। भूपेंद्र का दावा है कि दीक्षा ने अपने ससुराल पक्ष के पांच लोगों की ओर इशारा किया था। परिजनों का कहना है कि यह संकेत उसके साथ हुई घटना से जुड़े हो सकते हैं। हालांकि इन संकेतों की वास्तविकता और उनका घटनाक्रम से संबंध पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।
ननद और सास पर गंभीर आरोप
दीक्षा के भाई भूपेंद्र ने आरोप लगाया कि उसकी बहन को ससुराल पक्ष लगातार प्रताड़ित कर रहा था। उसका आरोप है कि दीक्षा की ननद सोनम और सास उमा मिश्रा ने उसके साथ मारपीट की और इसी के बाद उसकी हालत बिगड़ी। परिजनों ने यह भी आरोप लगाया कि घटना के संबंध में उन्हें समय पर जानकारी नहीं दी गई और दीक्षा की गंभीर हालत होने के बाद उसे जबलपुर लाकर अस्पताल में भर्ती कराया गया।
गले पर मिले रस्सी जैसे निशान
मायके पक्ष के मुताबिक, दीक्षा के गले पर रस्सी जैसे निशान पाए गए हैं। इन्हीं निशानों के आधार पर परिजन गला दबाकर हत्या किए जाने की आशंका जता रहे हैं। परिजनों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
सूचना मिलने पर गोहलपुर पुलिस अस्पताल पहुंची और मामले की जानकारी ली। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया है। पुलिस द्वारा मायके और ससुराल पक्ष के लोगों के बयान लिए जा रहे हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के कारणों को लेकर स्थिति और स्पष्ट होने की उम्मीद है।






