यश भारत फॉलोअप – कट्टे के साये में शहर : बैंक से सड़क तक बेखौफ लुटेरों का राज
10 दिन 8 लूट! सिहोरा की बैंक लूट ने दी कानून-व्यवस्था को चुनौती

जबलपुर, यशभारत। शहर और आसपास के ग्रामीण अंचलों में लुटेरों का आतंक इस कदर फैल गया है कि सड़कों पर निकलना अब खतरे से खाली नहीं। चाकू, लाठियों और अन्य घातक हथियारों से लैस गिरोह खुलेआम लूटपाट कर रहे हैं और पुलिस की आंखों में धूल झोंककर फरार हो जा रहे हैं। महज 1 अगस्त से 9 अगस्त के बीच 7 बड़ी लूट की वारदातें पुलिस रिकॉर्ड में दर्ज हुईं, जबकि कई छोटे मामले तो शिकायत तक नहीं पहुंच पाए।वहीं आज ताजा मामला सिहोरा का घटित हुआ जहां पर एक बैंक में तीन लुुटेरों ने बढ़ी लूट को अंजाम दिया।
क्राइम के हॉटस्पॉट
इन घटनाओं के पीछे शहर के कई थाना क्षेत्रों की स्थिति गंभीर रूप से उभरकर आई है। संजीवनी नगर, गढ़ा, माढ़ोताल, सिहोरा, खितौला, बरगी इस समय लुटेरों के टॉप टारगेट हैं। इसके अलावा अधारताल, ओमती, लार्डगंज, कोतवाली, विजय नगर, गोहलपुर और रांझी में भी हाल ही में लूटपाट की घटनाएं दर्ज हुईं।
नागरिकों में गहराता डर
बढ़ते अपराधों ने नागरिकों में भय का माहौल पैदा कर दिया है। लोग कहते हैं- अब न दिन में सुरक्षित हैं, न रात में। कोई भी कभी भी गले से चेन झपट सकता है या बाइक छीन सकता है। बाजारों में भीड़ के बीच और सुनसान सड़कों पर बराबर खतरा बना हुआ है। महिलाएं गहने पहनकर बाहर निकलने से बच रही हैं, और कई लोग देर रात घर लौटने से पहले रास्ता बदलने को मजबूर हैं।
पुलिस पर उठते सवाल
इन वारदातों ने पुलिस की कार्यप्रणाली और गश्त व्यवस्था पर गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए हैं। गश्ती दलों की संख्या और निगरानी तंत्र को लेकर आम जनता में असंतोष है। लोग पूछ रहे हैं—अगर 9 दिनों में 7 लूट हो सकती हैं, तो आने वाले दिनों में हालात और बदतर न हो जाएं?
विशेषज्ञों की राय – सतर्कता ही बचाव
क्राइम एक्सपर्ट्स का कहना है कि पुलिस गश्त और गिरफ्तारी के बावजूद घटनाएं रुक नहीं रही हैं।
सिहोरा की लूट ताजा मामला
पिछले 10 दिनों में शहर और आसपास के क्षेत्रों में कुल 8 लूटपाट की वारदातें हो चुकी हैं, जो पुलिस की कानून-व्यवस्था पर सीधे सवाल खड़े करती हैं। ताजा मामला आज का है, जब सिहोरा स्थित एक बैंक में तीन हथियारबंद लुटेरों ने दिनदहाड़े धावा बोलकर 12 किलो सोना और 5 लाख नकदी लूट ली। यह वारदात पिछले 10 दिनों की आठवीं लूट बन गई है, जिसने आम नागरिकों और पुलिस दोनों को हिला कर रख दिया है।
अब समय है कि नागरिक खुद भी सावधानी बरतें
1- रात में सुनसान सड़कों से बचें।
2- अजनबियों से दूरी रखें।
3- कीमती सामान को सुरक्षित रखें और खुला न दिखाएं।
4- संदिग्ध व्यक्ति या वाहन दिखने पर तुरंत पुलिस को सूचित करें।
खौफ के 9 दिन – कब, कहां, किसके साथ
1. 1 अगस्त – गुरुदेव कॉलोनी निवासी अनीता धौलपुरी का मंगलसूत्र झपट्टा मारकर लूट।
2. 2 अगस्त – बरगी निवासी राम सिंह उर्फ भूरा पर लाठी से हमला कर 5,130 नगदी, मोबाइल और बाइक लूट।
3. 4 अगस्त – सिहोरा निवासी संजीव कोल से चाकू अड़ाकर 3,250 नगदी और मोबाइल लूट।
4. 5 अगस्त – रामघाट निवासी संतोष मल्ला पर लुटेरों का हमला, लूट विफल होने पर हथियार से घायल।
5. 6 अगस्त – गंजताल निवासी दिनेश कुमार से चाकू की नोक पर बाइक और मोबाइल लूट।
6. 7 अगस्त – पेट्रोल पंप संचालक के ड्राइवर संजय सिंह का मोबाइल बाइक सवार लुटेरे छीने।
7. 9 अगस्त – ग्राम खैरी निवासी प्रीति बाई सिंह से स्कूटी अड़ाकर मंगलसूत्र लूट।








