शराब की ओवर रेटिंग का मामला हाईकोर्ट की चौखट तक पहुंचा कोर्ट ने संबंधितों को नोटिस जारी कर मांगा जवाब

जबलपुर यश भारत। जिले में शराब की महंगे दामों में बिक्री लंबे समय से सुर्खियों में बनी हुई है और ओवर रेटिंग का यह मामला अब उच्च न्यायालय की चौखट तक पहुंच गया है। अधिवक्ता दीपांशु साहू की ओर से दायर एक जनहित याचिका मैं आरोप लगाया गया है कि यह गोरखधंधा ठेकेदारों और आबकारी विभाग की मिलीभगत से संचालित हो रहा है। याचिका में कहां गया है कि इससे शासन और आम नागरिक दोनों को आर्थिक क्षति हो रही है। याचिका में कहां गया है कि विभागीय अधिकारियों को शिकायत करने के बाद ठेकेदारों से सिर्फ माफीनामा लेकर मामले को दबा दिया जाता है। जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए एक्टिंग चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा और जस्टिस विनय सराफ की खंडपीठ ने सुनवाई करते हुए आबकारी आयुक्त जिला आबकारी अधिकारी कमर्शियल टैक्स अधिकारी को नोटिस जारी का जवाब मांगा है। अधिवक्ता दीपक साहू की ओर से अधिवक्ता अमित खत्री ने अपना पक्ष रखते हुए दलील दी है कि महंगी शराब की बिक्री पर आबकारी विभाग का मौन शराब ठेकेदार को नौकरी मिलीभगत की ओर इशारा करता है।







