गौरी घाट में मातृ पितृ योग सेवा समिति द्वारा महाआरती और मातृ पितृ पूजन का आयोजन
श्रद्धालुओं ने कहा कि 14 फरवरी को वैलेंटाइन डे के रूप में मनाने की परंपरा भारतीय संस्कृति का हिस्सा नहीं

गौरी घाट में मातृ पितृ योग सेवा समिति द्वारा महाआरती और मातृ पितृ पूजन का आयोजन
श्रद्धालुओं ने कहा कि 14 फरवरी को वैलेंटाइन डे के रूप में मनाने की परंपरा भारतीय संस्कृति का हिस्सा नहीं
जबलपुर, यश भारत गौरी घाट में मातृ पितृ योग सेवा समिति द्वारा भव्य महाआरती का आयोजन किया गया। इस अवसर पर पंडित ओंकार दुबे ने बताया कि संत श्रद्धा श्री आसाराम बापू जी द्वारा प्रेषित योग वेदांत सेवा समिति के तत्वावधान में भगवती मां नर्मदा के पावन चरणों में महाआरती अर्पित की गई। इसके पश्चात मातृ पितृ पूजन का विशेष आयोजन किया गया, जिसे श्रद्धालुओं ने अद्भुत और सफल बताया। पंडित ओंकार दुबे ने संस्कारधानीवासियों और प्रदेशवासियों से 14 फरवरी को मातृ पितृ पूजन दिवस मनाने की अपील करते हुए कहा कि यह आयोजन समाज में सकारात्मक संदेश फैलाने का प्रयास है। उन्होंने बताया कि इस दिन को मनाकर युवा पीढ़ी में भारतीय संस्कृति और संस्कारों का संचार किया जा सकता है।
श्रद्धालुओं ने कहा कि 14 फरवरी को वैलेंटाइन डे के रूप में मनाने की परंपरा भारतीय संस्कृति का हिस्सा नहीं है, बल्कि यह पश्चिमी संस्कृति का प्रभाव है। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी को पाश्चात्य संस्कृति के प्रभाव से बचाने और भारतीय मूल्यों को बढ़ावा देने के लिए मातृ पितृ पूजन दिवस एक महत्वपूर्ण पहल है। कार्यक्रम में जानकारी दी गई कि भारत और विदेशों में भी मातृ पितृ पूजन दिवस बड़े धूमधाम से मनाया जा रहा है। जबलपुर में भी समिति की कई टीमें इस संदेश को विभिन्न स्कूलों और समाज के बीच प्रचारित कर रही हैं। पिछले कई वर्षों से इसके सकारात्मक परिणाम देखने को मिल रहे हैं।







