लोक अदालत में बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत, 17 हजार से अधिक प्रकरणों में 11.44 करोड़ की छूट

लोक अदालत में बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत, 17 हजार से अधिक प्रकरणों में 11.44 करोड़ की छूट
भोपाल,यश भारत। नेशनल लोक अदालत में मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के अंतर्गत आने वाले भोपाल और ग्वालियर संभाग के 16 जिलों में बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिली है। लोक अदालत के दौरान विद्युत संबंधी 17 हजार 257 प्रकरणों का निराकरण करते हुए उपभोक्ताओं को 11 करोड़ 44 लाख 94 हजार रुपये से अधिक की छूट प्रदान की गई। इस दौरान कुल 21 करोड़ 11 लाख 19 हजार रुपये की राशि कंपनी के खाते में जमा कराई गई। वहीं, कुल मिलाकर 32 करोड़ 56 लाख रुपये से अधिक राशि के प्रकरणों का समाधान किया गया। भोपाल क्षेत्र में लिटिगेशन और प्रिलिटिगेशन के 9 हजार 615 मामलों में 17 करोड़ 91 लाख 96 हजार रुपये की मांग के एवज में 6 करोड़ 49 लाख 33 हजार रुपये की छूट दी गई, जबकि 11 करोड़ 42 लाख 62 हजार रुपये की वसूली की गई। इसी प्रकार ग्वालियर क्षेत्र में 7 हजार 642 मामलों में 14 करोड़ 64 लाख 17 हजार रुपये की मांग के मुकाबले 4 करोड़ 95 लाख 60 हजार रुपये की छूट दी गई और 9 करोड़ 68 लाख 56 हजार रुपये की राशि जमा कराई गई। कंपनी ने बताया कि लोक अदालत के लिए वितरण केंद्र स्तर तक व्यापक तैयारियां की गई थीं। विद्युत अधिनियम 2003 की धारा 135 के तहत दर्ज बिजली चोरी और अनियमितताओं के मामलों में समझौते के जरिए निराकरण किया गया।
प्री-लिटिगेशन स्तर पर घरेलू, कृषि, 5 किलोवाट तक के गैर-घरेलू और 10 अश्व शक्ति तक के औद्योगिक उपभोक्ताओं को विशेष छूट दी गई। इस दौरान सिविल दायित्व राशि पर 30 प्रतिशत और ब्याज पर 100 प्रतिशत छूट प्रदान की गई, जबकि लिटिगेशन स्तर पर सिविल दायित्व पर 20 प्रतिशत और ब्याज पर 100 प्रतिशत तक की राहत दी गई। बिजली कंपनी के इस प्रयास से जहां लंबित मामलों का तेजी से निराकरण हुआ, वहीं उपभोक्ताओं को भी आर्थिक राहत मिली है।







