त्योहार की रौनक के बीच भोपाल में गंदगी का ग्रहण, धुएं ने बढ़ाई स्वास्थ्य की चिंता! धनतेरस के बाद राजधानी में कचरे का अंबार, गली-मोहल्लों और चौराहों पर गंदगी

त्योहार की रौनक के बीच भोपाल में गंदगी का ग्रहण, धुएं ने बढ़ाई स्वास्थ्य की चिंता!
धनतेरस के बाद राजधानी में कचरे का अंबार, गली-मोहल्लों और चौराहों पर गंदगी
भोपाल, यशभारत। धनतेरस और दीपावली की रौनक के बीच राजधानी भोपाल में स्वच्छता व्यवस्था पर संकट के बादल मंडराने लगे हैं। एक ओर त्योहार के बाद धुएं और प्रदूषण को लेकर स्वास्थ्य संबंधी चिंताएं बढ़ रही हैं वहीं दूसरी ओर नगर निगम कर्मचारियों के आंदोलन ने शहर की सफाई व्यवस्था को प्रभावित कर दिया है। शहर की सड़कों बाजारों गली-मोहल्लों और प्रमुख चौराहों पर जगह-जगह कचरे के ढेर नजर आने लगे हैं।
कचरे के ढेर से परेशान नागरिक, स्वच्छता व्यवस्था पर सवाल
नगर निगम कर्मचारियों की हड़ताल का असर अब शहर की सफाई व्यवस्था पर दिखाई देने लगा है। घरों से कचरा उठाने की व्यवस्था प्रभावित होने के कारण कई इलाकों में कचरे के ढेर जमा हो रहे हैं। त्योहार के बाद बाजारों और रिहायशी क्षेत्रों में बढ़ने वाले कचरे ने परेशानी और बढ़ा दी है। समय पर कचरे का उठाव नहीं हुआ तो गंदगी दुर्गंध और मच्छरों के प्रकोप की आशंका भी बढ़ सकती है।
धुएं के गुबार से सेहत पर खतरा, स्वास्थ्य व्यवस्था की बढ़ सकती है चिंता
दीपावली के दौरान जल रहे कचरे से निकलने वाला धुआं और प्रदूषण बढ़ने की आशंका रहती है। ऐसे में शहर में जमा कचरा और उसके निस्तारण में देरी स्थिति को और चुनौतीपूर्ण बना सकती है। प्रदूषण का असर सांस संबंधी परेशानी से जूझ रहे लोगों, बुजुर्गों और बच्चों पर अधिक पड़ सकता है। यदि प्रदूषण का स्तर बढ़ता है तो अस्पतालों और स्वास्थ्य सेवाओं पर भी अतिरिक्त दबाव पड़ने की आशंका है।
नियमितीकरण और वेतन वृद्धि पर कर्मचारियों का आर-पार
इधर, नियमितीकरण, वेतन विसंगतियों और अन्य लंबित मांगों को लेकर नगर निगम कर्मचारियों का आक्रोश भी सामने आया है। बड़ी संख्या में सफाई कर्मचारियों और जलकार्य शाखा के कर्मियों ने नगर निगम मुख्यालय पर प्रदर्शन कर तालाबंदी की और कामकाज ठप कर दिया। इससे जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, फायर ब्रिगेड और सीवेज जैसी सेवाओं पर भी असर पड़ने की बात सामने आई है।
आंदोलनकारी कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि मांगों पर जल्द ठोस निर्णय नहीं हुआ तो आंदोलन और उग्र किया जाएगा। कर्मचारियों ने पानी की सप्लाई ठप करने की चेतावनी भी दी है।
त्योहार में जनता की दोहरी परेशानी, निगम प्रशासन के सामने चुनौती
एक तरफ प्रदूषण और दूसरी तरफ कचरे के ढेर, ऐसे में आम नागरिकों की परेशानी बढ़ती दिखाई दे रही है। त्योहारी सीजन में बाजारों में भीड़ और घरेलू कचरे की मात्रा बढ़ने के बीच सफाई व्यवस्था को सुचारु रखना नगर निगम के सामने बड़ी चुनौती है। अब देखना होगा कि निगम प्रशासन कर्मचारियों की मांगों पर समाधान निकालते हुए शहर की स्वच्छता, जलापूर्ति और अन्य जरूरी सेवाओं को कितनी जल्दी पटरी पर ला पाता है।







