नियमितीकरण और वेतन वृद्धि को लेकर नगर निगम कर्मचारियों का आर-पार का मूड

नियमितीकरण और वेतन वृद्धि को लेकर नगर निगम कर्मचारियों का आर-पार का मूड
दिवाली से पहले हड़ताल से शहर की व्यवस्थाएं चरमराने की आशंका
भोपाल, यशभारत। राजधानी भोपाल में दीपावली और धनतेरस के ठीक पहले नगर निगम कर्मचारियों का आक्रोश फूट पड़ा है। नियमितीकरण, वेतन विसंगतियों और अन्य लंबित मांगों को लेकर बड़ी संख्या में सफाई कर्मचारियों और जलकार्य शाखा के कर्मियों ने नगर निगम मुख्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने मुख्यालय में तालाबंदी कर कामकाज पूरी तरह ठप कर दिया, जिससे जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, फायर ब्रिगेड और सीवेज जैसी जरूरी सेवाएं भी प्रभावित हुई हैं।
आंदोलनकारी कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया, तो वे अपने आंदोलन को और उग्र करते हुए पानी की सप्लाई भी ठप कर देंगे। कर्मचारियों का कहना है कि वे लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर प्रशासन से गुहार लगा रहे हैं, लेकिन अब तक केवल आश्वासन ही मिले हैं, जिससे उनमें भारी नाराजगी है।
सफाई व्यवस्था पर असर, बाजारों और मोहल्लों में लगे कचरे के ढेर
कर्मचारियों की इस अचानक हड़ताल का सबसे पहला असर शहर की स्वच्छता व्यवस्था पर दिखाई देने लगा है। घरों से कचरे का उठाव पूरी तरह बंद होने के कारण प्रमुख बाजारों, सड़कों और गली-मोहल्लों में कचरे के बड़े-बड़े ढेर जमा हो गए हैं। त्योहारी सीजन के इस समय में बाजारों में खरीदारी के लिए उमड़ने वाली भारी भीड़ के बीच गंदगी और कचरे के अंबार से स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों दोनों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।
दूसरी ओर, जिला प्रशासन और निगम के वरिष्ठ अधिकारी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। त्योहारी सीजन में आम जनता को पानी और साफ-सफाई जैसी बुनियादी सुविधाओं से वंचित न होना पड़े, इसके लिए वैकल्पिक व्यवस्थाओं पर विचार किया जा रहा है। फिलहाल कर्मचारियों और प्रशासन के बीच बातचीत के दौर जारी हैं, और सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि क्या त्योहार से पहले कोई बीच का रास्ता निकल पाता है या संकट और गहराएगा।







