रेलवे जीएम ऑफिस का गार्डन बना बंजर
लाखों की अंग्रेजी दूब सूखने से रेलवे की लापरवाही बेनकाब

रेलवे जीएम ऑफिस का गार्डन बना बंजर
लाखों की अंग्रेजी दूब सूखने से रेलवे की लापरवाही बेनकाब
जबलपुर यशभारत ।पश्चिम मध्य रेलवे महाप्रबंधक कार्यालय परिसर की हरियाली सजाने के लिए लाखों रुपए खर्च कर लगाई गई टाइल्स नुमा अंग्रेजी दूब लापरवाही की भेंट चढ़ गई। अब गार्डन हरियाली से लहलहाने के बजाय सूखे मैदान में तब्दील हो चुका है। करोड़ों का बजट खर्च करने वाले रेलवे में देखरेख के नाम पर जिम्मेदारी शून्य है, जिससे जीएम ऑफिस का सौंदर्यीकरण भी मजाक बनकर रह गया।
सूख कर हो गई बर्बाद
गार्डन में बिछाई गई दूब शुरुआती दिनों में आकर्षक दिखाई दी, लेकिन नियमित सिंचाई और देखरेख के अभाव में कुछ ही महीनों में सूखकर बर्बाद हो गई। जानकारों का कहना है कि यदि समय पर पानी और गार्डनिंग होती तो यह दूब लंबे समय तक हरी-भरी रह सकती थी।
आखिर किसकी निगरानी में हुआ यह कार्य
अब सवाल यह है कि लाखों रुपए का यह खर्च आखिर किसकी निगरानी में किया गया और देखरेख का जिम्मा किसे सौंपा गया था…? हैरानी की बात यह है कि दूब पूरी तरह सूख जाने के बावजूद रेलवे प्रशासन की ओर से न तो कोई सुधारात्मक कदम उठाए गए और न ही जिम्मेदारों पर कार्रवाई की गई। वहीं इस संबंध में जानकारों का कहना है कि यदि जीएम ऑफिस के गार्डन का यही हाल है तो फिर रेलवे के अन्य प्रोजेक्ट्स में पारदर्शिता और जवाबदेही की उम्मीद करना बेमानी है।






