भोपाल में भीषण गर्मी में बेजुबान बेहाल, प्रशासन के इंतजाम नदारद

भोपाल में भीषण गर्मी में बेजुबान बेहाल, प्रशासन के इंतजाम नदारद
भोपाल यश भारत। राजधानी भोपाल में पड़ रही भीषण गर्मी और हीटवेव के बीच बेजुबान पशु पक्षियों की हालत लगातार बिगड़ती जा रही है। लेकिन जिला प्रशासन की ओर से उनके लिए कोई ठोस व्यवस्था नजर नहीं आ रही है। जहां एक ओर प्रदेश के अन्य शहरों में पुलिस और प्रशासन द्वारा विशेष इंतजाम किए जा रहे हैं वहीं भोपाल में इस दिशा में उदासीनता साफ दिखाई दे रही है। सड़कों पर घूमने वाले आवारा पशु तेज धूप और लू के थपेड़ों के बीच पानी और छांव के लिए भटकते नजर आ रहे हैं। शहर के कई इलाकों में न तो पानी की समुचित व्यवस्था है और न ही अस्थायी शेड या छायादार स्थान बनाए गए हैं जिससे बेजुबान जानवरों को राहत मिल सके। पशु प्रेमियों का कहना है कि हर साल गर्मी के मौसम में ऐसी स्थिति बनती है लेकिन प्रशासन की ओर से कोई स्थायी समाधान नहीं निकाला जाता। कई स्थानों पर पानी के बर्तन तक उपलब्ध नहीं हैं जिससे जानवर प्यास से बेहाल हो रहे हैं। जानकारों के अनुसार पुलिस डॉग स्क्वॉड और घोड़ों के लिए भी विशेष व्यवस्थाओं का अभाव है। न तो उनके लिए पर्याप्त कूलिंग सिस्टम की व्यवस्था है और न ही खानपान में किसी तरह का विशेष बदलाव किया गया है। इससे उनकी सेहत पर भी प्रतिकूल असर पड़ सकता है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि प्रशासन केवल कागजों में योजनाएं बनाता है जबकि जमीनी स्तर पर उनका कोई असर दिखाई नहीं देता। भीषण गर्मी के इस दौर में जब इंसान तक परेशान है ऐसे में बेजुबान जानवरों की सुध न लेना प्रशासन की संवेदनहीनता को दर्शाता है।शहरवासियों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द पशुओं के लिए पानी, छांव और चिकित्सा जैसी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं ताकि उन्हें इस भीषण गर्मी से राहत मिल सके।







