उर्वरक नियंत्रण कानून की उड़ रहीं धज्जियां : अवैध 680 बोरी उर्वरक बरामद

सागर, यशभारत ।किसानों की खाद किल्लत और लगातार मिल रही शिकायतों के बीच देवरी में प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। खंडेराव वार्ड स्थित सहजपुर रोड पर एक किराए के मकान में अवैध रूप से भंडारण कर रखी गई 680 बोरी खाद को ज़ब्त कर परिसर को सील कर दिया गया है। यह संयुक्त कार्रवाई कृषि विभाग, राजस्व और पुलिस प्रशासन की टीम द्वारा औचक निरीक्षण के दौरान की गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, ‘सुरेश कुमार जैन प्रो. हर्षित जैन’ नामक निजी खाद प्रतिष्ठान को लेकर किसानों ने शिकायत दर्ज कराई थी। किसानों का आरोप था कि उनके पास डीएपी खाद का अधिकृत टोकन होने के बाद भी उन्हें खाद उपलब्ध नहीं कराई जा रही थी और टालमटोल किया जा रहा था। किसानों के आक्रोश और शिकायत को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने जांच टीम गठित की।
गैर-स्वीकृत गोदाम में मिला उर्वरक का बड़ा भंडार
संयुक्त टीम ने जब सहजपुर रोड स्थित उक्त संदेहास्पद किराए के मकान पर दबिश दी, तो वहां बड़े पैमाने पर खाद का अनधिकृत भंडारण देखकर अधिकारी भी दंग रह गए। मौके से कुल 680 बोरी उर्वरक बरामद किया गया, जिसमें:
यूरिया: 665 बोरी
एनपीके (NPK): 8 बोरी
टीएसपी (TSP): 7 बोरी
कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि नियमों के मुताबिक उर्वरक का भंडारण केवल स्वीकृत एवं प्रशासनिक रूप से सत्यापित गोदामों में ही किया जा सकता है। गैर-स्वीकृत एवं आवासीय परिसर में इतनी बड़ी मात्रा में खाद रखना उर्वरक गुण नियंत्रण आदेश, 1985 के प्रावधानों का स्पष्ट उल्लंघन है। नियमों की अवहेलना पाए जाने पर टीम ने तत्काल प्रभाव से पूरे परिसर को सील कर दिया।
कार्रवाई के बाद अब प्रशासन इस पहलू की गहनता से जांच कर रहा है कि खाद की कमी के समय इतनी बड़ी मात्रा में उर्वरक किराए के मकान में छिपाकर क्यों रखा गया था। क्या इसे कालाबाज़ारी के मकसद से डंप किया गया था? अधिकारियों का कहना है कि संबंधित प्रतिष्ठान और जिम्मेदारों के खिलाफ कड़ी कानूनी व दंडात्मक कार्रवाई की जा रही है।







