देश

स्वाइन फ्लू की रफ्तार तेज, देशभर में बढ़ा खतरा, महाराष्ट्र-कर्नाटक समेत 8 राज्यों में बढ़े मरीज

मानसून के बीच एच1 एन1 का प्रकोप 7 डेंगू-मलेरिया ने भी बढ़ाई चिंता

नई दिल्ली, यश भारत। मानसून के मौसम के बीच देश के कई राज्यों में स्वाइन फ्लू (एच1एन1) संक्रमण के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। दिल्ली-एनसीआर, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और तमिलनाडु समेत कई राज्यों में मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है। हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि मौजूदा संक्रमण किसी नए वायरस स्ट्रेन के कारण नहीं है, लेकिन बुजुर्गों, बच्चों और पहले से बीमार लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।

दिल्ली में स्वाइन फ्लू के मामलों में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक 30 अगस्त को 48 नए मामले सामने आए। इसके साथ ही इस वर्ष दिल्ली में स्वाइन फ्लू के कुल मामले 3,629 तक पहुंच गए हैं। इनमें दिल्ली के 3,054 और बाहर के 575 मामले शामिल हैं। वहीं, फ्लूएंजा-ए और बी के कुल मामलों की संख्या भी 5,029 हो गई है।
इससे पहले 29 अगस्त को दिल्ली में एक ही दिन में 199 नए एच1एन1 संक्रमित मिले थे, जो इस सीजन में एक दिन में सामने आए मामलों में दूसरा सबसे बड़ा आंकड़ा बताया गया। संक्रमण के बीच चार मरीजों की मौत की सूचनाएं भी सामने आई हैं।

हालांकि दिल्ली सरकार और स्वास्थ्य विभाग ने अभी तक इन मौतों की आधिकारिक तौर पर स्वाइन फ्लू से हुई मौत के रूप में पुष्टि नहीं की है। पीएसआरआई अस्पताल में उपचार करा रहे 32 वर्षीय अरुण मलिक की मौत तथा द्वारका के एक निजी अस्पताल में 70 वर्षीय बुजुर्ग की मौत की सूचना सामने आई है। इससे पहले शालीमार बाग में भी एक किशोरी की मौत की जानकारी सामने आई थी।

छत्तीसगढ़ में 10 नए मरीज, आंकड़ा 115 पहुंचा

छत्तीसगढ़ में भी स्वाइन फ्लू संक्रमण तेजी से बढ़ रहा है। पिछले 24 घंटे में 10 नए मरीज मिलने के बाद प्रदेश में कुल संक्रमितों की संख्या 115 हो गई है। सक्रिय मरीजों की संख्या भी 18 से बढ़कर 28 पहुंच गई है। रायपुर, दुर्ग और बिलासपुर में संक्रमण के मामले अधिक सामने आ रहे हैं। रायपुर में तीन नए मरीज मिलने के बाद कुल संक्रमितों की संख्या 54 और एक्टिव केस 9 हो गए हैं। बालोदाबाजार-भाटापारा, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी और कांकेर जैसे जिलों में भी संक्रमण की पुष्टि हुई है। स्वास्थ्य विभाग ने अस्पतालों में आइसोलेशन वार्ड और वेंटिलेटर की व्यवस्था बढ़ाने के साथ जांच और दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button