चिनार पार्क रोड तक स्ट्रीट लाइट बंद, सुरक्षा पर उठे सवाल

चिनार पार्क रोड तक स्ट्रीट लाइट बंद, सुरक्षा पर उठे सवाल
– वीआईपी रोड पर अंधेरा रहने से हो रही परेशानी
यश भारत भोपाल। भोपाल शहर में जहां सुरक्षा और प्रकाश व्यवस्था को लेकर प्रशासन बड़े-बड़े दावे करता है, वहीं राजधानी के प्रमुख वीआईपी रूट पर दो दिन से लगातार अंधेरा पसरा हुआ है। लिंक रोड नंबर 1 से जुड़ी चिनार पार्क वाली सडक़ पर स्ट्रीट लाइटें बंद पड़ी हैं, जिससे रात के समय राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हैरानी की बात यह है कि इसी मार्ग से आए दिन वीआईपी काफिले गुजरते हैं, बावजूद इसके अंधेरे पर किसी भी अधिकारी की नजर नहीं जा रही। इससे स्थानीय लोग प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रहे हैं। यह मार्ग न सिर्फ वीआईपी मूवमेंट के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि देर रात तक यहां आम नागरिक, ऑफिस से लौटने वाले कर्मचारी, विद्यार्थियों और वाहन चालकों की आवाजाही बनी रहती है। लेकिन पिछले दो दिनों से सडक़ पर गहरा अंधेरा छाया हुआ है। सडक़ की दोनों तरफ लगी स्ट्रीट लाइटें बंद हैं, जिससे दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ गई है। आसपास के दुकानदारों और रहवासियों का कहना है कि शाम के बाद सडक़ पर दिखाई देना मुश्किल हो जाता है। कई बार वाहन तेज रफ्तार में एक-दूसरे से टकराने से बचे हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि वार्ड अधिकारियों और नगर निगम को कई बार शिकायत की गई, लेकिन कोई कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचा। सोशल मीडिया पर भी लोगों ने इस समस्या को उठाया, लेकिन जिम्मेदार विभागों ने कोई जवाब नहीं दिया। लोगों का कहना है कि वीआईपी काफिलों के चलते यह सडक़ हमेशा संवेदनशील मानी जाती है, इसलिए यहां सुरक्षा व्यवस्था और स्ट्रीट लाइटिंग सामान्य जगहों से कहीं बेहतर होनी चाहिए। लेकिन वर्तमान स्थिति से साफ है कि प्रशासन खुद ही अपने नियमों को दरकिनार कर रहा है।
भोपाल में पिछले कुछ समय से कई क्षेत्रों में स्ट्रीट लाइट बंद रहने की शिकायतें बढ़ी हैं। हाल ही में कोहेफिजा, बागसेवनिया और कलियासोत क्षेत्र में भी सप्ताहभर तक लाइटें बंद रहने से लोगों ने नाराजगी जताई थी। नगर निगम अक्सर बिजली कनेक्शन, मरम्मत या तकनीकी खामी का हवाला देकर मामले टालता आया है। लेकिन इस बार मुद्दा वीआईपी रूट से जुड़ा है, इसलिए सवाल और तीखे हो गए हैं। चिनार पार्क रोड पर अंधेरा बढऩे से न सिर्फ सडक़ हादसों का खतरा बढ़ा है, बल्कि असामाजिक तत्वों के सक्रिय होने की आशंका भी बढ़ गई है। देर रात घर लौटने वाली महिलाओं और विद्यार्थियों ने सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है। अंधेरा होने के कारण कई लोग इस मार्ग से गुजरने से बच रहे हैं और वैकल्पिक रास्तों का उपयोग कर रहे हैं। जानकारों का कहना है कि किसी भी शहर में स्ट्रीट लाइट सबसे बुनियादी शहरी सुविधा है। यह न सिर्फ सुरक्षित यातायात सुनिश्चित करती है, बल्कि अपराध रोकने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।







