जल्द ही शहडोल में बनेगा परशुराम भगवान का मंदिर : न्यास गठन, शिलान्यास हेतु बैठक आयोजित

शहडोल। मुख्यालय स्थित एक निजी स्कूल के सभा कक्ष में सनातन धर्म ब्राह्मण समाज की बैठक का आयोजन किया गया। जिसमें कार्यक्रम की अध्यक्षता नीलमणि द्विवेदी पूर्व प्राध्यापक एवं संभागीय अध्यक्ष डॉ जय किशन तिवारी ने की। आरएम द्विवेदी पूर्व अधीक्षण यंत्री व संगठन के समस्त पदाधिकारी सदस्य एवं विद्वान ब्राह्मण सम्मानित जनों की उपस्थिति में कार्यक्रम आरंभ हुआ। सर्वप्रथम भगवान परशुराम के चल चित्र पर माल्यार्पण दीप प्रज्वलन करते हुए कार्यक्रम की शुरुआत की गई। समस्त उपस्थित सदस्यों ने भगवान परशुराम के चरणों में पुष्पांजलि अर्पित की।
कार्यक्रम का संचालन डॉ, राज किशोर शुक्ला पूर्व प्राचार्य ने द्वारा किया। इस दौरान कार्यक्रम संचालक एवं संभागीय अध्यक्ष श्री तिवारी ने भगवान परशुराम न्यास गठन के बारे में उपस्थित सदस्यों को जानकारी देते हुए बताया कि, न्यास गठन पंजीयन के बाद बैंक अकाउंट, पैन कार्ड एवं रजिस्ट्रेशन की सभी कार्यवाही पूर्ण होकर कल्याणपुर स्थित भूमि जो न्यास के लिए मेरे द्वारा निशुल्क दान की गई है। उस पर एक मंच का निर्माण किया जा चुका है। प्लाट पूरी तरह से साफ सफाई से पूर्ण होकर भूमि पूजन किया जा चुका है। शहर के विभिन्न स्थान एवं प्रमुख मार्गों पर सांकेतिक बोर्ड भी लगाए जा रहे हैं। जिससे कि, प्रचार प्रसार एवं उस स्थल पर पहुंचने में आसानी हो सके।
आरएम द्विवेदी ने बताया कि, न्यास के गठन के बाद आश्रम के निर्माण हेतु आर्किटेक्ट द्वारा मानचित्र तैयार होकर स्वीकृत हेतु कार्य प्रगति पर है। कार्यक्रम में उपस्थित महेंद्र शुक्ला ने बताया कि, न्यास के भूमि पूजन हेतु कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि एवं मुख्य अतिथि हेतु विभिन्न माध्यमों से प्रयास चल रहा है। शीघ्र ही स्वीकृत मिलने पर कार्यक्रम की तिथि एवं समय बताया जाएगा। न्यास में दो प्रखंड में निर्माण कार्य किया जाएगा। जिसमें प्रथम भाग में भगवान परशुराम मंदिर, राम दरबार व अन्य मूर्तियों की स्थापना की जाएगी। दूसरे प्रखंड में सार्वजनिक भवन कम्युनिटी हाल एवं संस्कृतिक भवन का निर्माण प्रस्तावित है। इस न्यास के गठन एवं निर्माण में करीब 3 करोड़ 32 लाख रूपये से अधिक लागत का अनुमान है।
जिसके लिए समाज के सभी वर्गों से सहयोग की अपेक्षा की गई है। जिसके लिए शीघ्र दानदाताओं से संपर्क कर सहयोग राशि एकत्रित की जाएगी। विराट ट्रैवल्स के संचालक एवं ब्राह्मण समाज के सक्रिय सदस्य पियूष गर्ग ने अपने संबोधन में कहा कि, जिस प्रकार सेतु निर्माण में प्रभु श्री राम अकेले नेतृत्व कर बंदर भालू सेना के सहयोग से लंका विजय किया। ठीक इसी प्रकार इस सनातन धर्म के न्यास के गठन पश्चात अब भव्य आश्रम मंदिर भवन का भी निर्माण होगा। शिलान्यास हेतु साधु संतों की उपस्थिति में यज्ञ हवन का आयोजन कर शिलान्यास किया जाने हेतु प्रस्ताव रखा। जिस पर सभी लोगों ने उनके प्रस्ताव पर प्रसन्नता एवं संतोष जाहिर किया। अपने उद्बोधन में पूर्व प्राचार्य पॉलिटेक्निक संतोष पाण्डेय ने कहा कि, शिलान्यास की तिथि के विलंब पर सभी उपस्थित सदस्यों का ध्यान आकर्षित करते हुए अतिशीघ्र तिथि निश्चित किए जाने का अनुरोध है। कार्यक्रम अध्यक्ष नीलमणि ने बताया कि, संत पुरुष अपने लिए नहीं बल्कि, वह समाज के लिए जीते हैं। हम रहे या न रहें। लेकिन समाज के लिए कुछ ऐसा करके जाएं कि, युवा शक्ति उसका अनुशरण कर सके। हर अच्छे एवं महान कार्य में तमाम तरह की रुकावटें अड़चन व चुनौती आना स्वाभाविक है। लेकिन, इन सबसे निपटने के लिए हमें तैयार रहना होगा। उपहास आलोचना से विचलित न होते हुए अपने लक्ष्य पर लगे रहना है। उन्होंने इस पुनीत कार्य भगवान परशुराम मंदिर निर्माण एवं न्यास के गठन की शुभकामना देते हुए, स्वयं 11000 रुपए देने की घोषणा की।
पूर्व छात्र नेता एवं विंध्य प्रदेश निर्माण संयोजक जयप्रकाश नारायण गर्ग ने डॉ जय किशन तिवारी के इस अभिनव प्रयास के लिए साधुवाद तथा ब्राह्मण समाज के लिए गर्व का विषय बताते हुए, अपनी शुभकामना दी। कहा कि, आप सभी के प्रयास से निश्चित ही सुंदर आश्रम का निर्माण परशुराम न्यास का होगा। कार्यक्रम में मुख्य रूप से डॉक्टर एस के शुक्ला, यश के पाण्डेय, रविकरण त्रिपाठी, सपना त्रिपाठी, लता उपाध्याय, निशा गौतम, रूपा चतुर्वेदी, रमाकांत शर्मा, बैकुंठ प्रसाद तिवारी आदि के अलावा अन्य सदस्य उपस्थित रहे।







