8 से 10 घंटे बेगार, न वजीफा न रोजगार: पैरामेडिकल छात्रों ने प्रशासन से मांगा जवाब

रीवा। श्याम शाह मेडिकल कॉलेज और उससे संबद्ध संजय गांधी अस्पताल के पैरामेडिकल छात्र अपनी विभिन्न मांगों को लेकर एक बार फिर कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचे।
छात्रों ने पूर्व में सौंपे गए ज्ञापन पर अब तक हुई कार्रवाई और मिले आश्वासन की प्रगति रिपोर्ट मांगी है, इसके साथ ही छात्रों ने प्रशासन के सामने मध्य प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री से मुलाकात करवाने की बात भी प्रमुखता से रखी है। अपनी समस्याओं को लेकर संघर्ष कर रहे इन छात्रों का कहना है कि वे केवल आश्वासनों के सहारे नहीं बैठ सकते, क्योंकि उनका भविष्य अधर में लटका हुआ है। कलेक्ट्रेट पहुंचे छात्रों ने बड़े मुद्दे उठाए हैं।
छात्रों का कहना है कि सत्र 2023-24 के पात्र छात्रों को अभी तक स्कॉलरशिप का लाभ नहीं मिल सका है। एडमिशन प्रक्रिया में देरी के कारण आज तक पोर्टल नहीं खोला गया है, जिससे छात्र फॉर्म नहीं भर पा रहे हैं। उन्होंने मांग की है कि पोर्टल को तुरंत खोलकर सभी को स्कॉलरशिप दी जाए।
छात्रों ने कहा कि वे अस्पताल में 8 से 10 घंटे की कड़ी ड्यूटी करते हैं। इस दौरान होने वाले दैनिक खर्चों का निर्वहन करना उनके लिए मुश्किल हो रहा है, आर्थिक तंगी से जूझ रहे इन छात्रों ने अनिवार्य रूप से स्टाइपेंड दिए जाने की मांग की है। इसके साथ ही डिप्लोमा और प्रशिक्षण पूरा होने के बाद भी छात्रों को रोजगार के लिए दर-दर भटकना पड़ रहा है।






