लोकतंत्र पर प्रहार का आरोप, कांग्रेस उपवास पर
मीनाक्षी नटराजन प्रकरण को लेकर कलेक्ट्रेट के सामने दिया धरना

लोकतंत्र पर प्रहार का आरोप, कांग्रेस उपवास पर
मीनाक्षी नटराजन प्रकरण को लेकर कलेक्ट्रेट के सामने दिया धरना

भाजपा और चुनावी प्रक्रिया पर उठाए सवाल
कटनी, यशभारत। कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द किए जाने के विरोध में जिला कांग्रेस ग्रामीण के तत्वावधान में आज कलेक्ट्रेट के सामने एक दिवसीय उपवास एवं धरना प्रदर्शन आयोजित किया गया। कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने इस कार्रवाई को लोकतांत्रिक व्यवस्था के खिलाफ बताते हुए तीखा विरोध दर्ज कराया।
प्रदेशभर में चल रहे विरोध कार्यक्रम के तहत पीसीसी चीफ जीतू पटवारी नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंगार सहित कांग्रेस के वरिष्ठ नेता भोपाल में धरना देकर विरोध जता रहे है।इसी क्रम में कटनी में भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उपवास रखकर अपना विरोध प्रकट किया।
धरने को संबोधित करते हुए जिला कांग्रेस ग्रामीण अध्यक्ष सौरभ सिंह ने कहा कि “यह केवल एक प्रत्याशी का मामला नहीं है, बल्कि लोकतांत्रिक अधिकारों और संवैधानिक मूल्यों की रक्षा का प्रश्न है। कांग्रेस हर स्तर पर इसके खिलाफ आवाज उठाएगी।”
पनागर विधानसभा प्रभारी विवेक ‘गोल्डन’ पांडे ने कहा कि “जब जनता के सामने विकल्पों को सीमित करने की कोशिश होगी तो लोकतंत्र कमजोर होगा। कांग्रेस शांतिपूर्ण तरीके से जनता की आवाज बुलंद कर रही है।”
धरना-उपवास में महिला कांग्रेस अध्यक्ष रजनी वर्मा, वरिष्ठ कांग्रेस नेता राजा जगवानी, वरिष्ठ पार्षद मौसम अहमद, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष जीतू गुप्ता, अजय जैसवानी, नगरीय निकाय प्रकोष्ठ अध्यक्ष श्याम यादव, राजेश जाटव, कमल पांडे, देवीदीन गुप्ता, मंगल सिंह, रणजीत सिंह सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल हुए।
धरना स्थल पर कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि लोकतंत्र की मजबूती निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव प्रक्रिया से होती है। यदि विपक्षी उम्मीदवारों को चुनावी मैदान से बाहर करने जैसी परिस्थितियां निर्मित होती हैं तो यह लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए चिंताजनक संकेत हैं। कांग्रेस ने कहा कि वह लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए अपना संघर्ष जारी रखेगी।







