पेट्रोल-डीजल 90 पैसे और महंगा, भोपाल में पेट्रोल ₹110.75 और इंदौर में ₹110.79 हुआ; 5 दिन में दूसरी बार बढ़ीं कीमतें

पेट्रोल-डीजल 90 पैसे और महंगा, भोपाल में पेट्रोल ₹110.75 और इंदौर में ₹110.79 हुआ; 5 दिन में दूसरी बार बढ़ीं कीमतें
भोपाल, यश भारत। देश में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में मंगलवार से 90 पैसे प्रति लीटर की भारी बढ़ोतरी कर दी गई है। एक हफ्ते से भी कम समय में ईंधन के दामों में यह दूसरी बड़ी वृद्धि है। इससे पहले बीते 15 मई को ही पेट्रोल-डीजल की कीमतों में 3-3 रुपए प्रति लीटर का इजाफा किया गया था। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में लगातार हो रहे उतार-चढ़ाव को इस बढ़ोतरी की मुख्य वजह बताया जा रहा है। ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव से पहले जो क्रूड ऑयल 70 डॉलर पर था, वह अब 100 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच चुका है। तेल कंपनियों ने अपने घाटे की भरपाई के लिए यह कदम उठाया है, जिससे आने वाले दिनों में आम जनता पर महंगाई का चौतरफा बोझ बढ़ना तय माना जा रहा है।
इस बढ़ोतरी के बाद मध्य प्रदेश के प्रमुख शहरों में ईंधन के दाम रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गए हैं। अब भोपाल में एक लीटर पेट्रोल की कीमत 110.75 रुपए और डीजल 95.91 रुपए का हो गया है। इसी तरह इंदौर और जबलपुर में प्रति लीटर पेट्रोल के नए रेट 110.79 रुपए, ग्वालियर में 110.69 रुपए और उज्जैन में सबसे ज्यादा 111.27 रुपए हो गए हैं। वहीं डीजल की बात करें तो उज्जैन में यह 96.40 रुपए, इंदौर में 95.97 रुपए, जबलपुर में 95.98 रुपए और ग्वालियर में 95.86 रुपए प्रति लीटर की दर से मिलेगा। अलग-अलग शहरों में लोकल टैक्स यानी वैट (VAT) की दरें भिन्न होने के कारण कीमतों में यह अंतर आया है।
विशेषज्ञों के मुताबिक, ईंधन के दाम बढ़ने से अब रोजमर्रा की अन्य जरूरी चीजों की कीमतें भी बढ़ सकती हैं। ट्रक और टेम्पो का मालभाड़ा बढ़ने से दूसरे राज्यों से आने वाले फल, सब्जियां और राशन महंगे हो जाएंगे। इसके साथ ही ट्रैक्टर और पंपिंग सेट चलाने का खर्च बढ़ने से किसानों की खेती की लागत बढ़ेगी, जिसका सीधा असर अनाज के दामों पर पड़ेगा। आम जनता के लिए सार्वजनिक परिवहन, ऑटो और स्कूल बसों का किराया भी बढ़ सकता है। हाल ही में पेट्रोलियम मंत्रालय की जॉइंट सेक्रेटरी सुजाता शर्मा ने भी बताया था कि तेल कंपनियों को हर महीने करीब 30 हजार करोड़ रुपए का नुकसान हो रहा था। वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी कुछ दिन पहले एक कार्यक्रम में भू-राजनीतिक हालातों को देखते हुए देशवासियों से पेट्रो उत्पादों का उपयोग बेहद संयम और जरूरत के अनुसार ही करने की अपील की थी।







