करोड़ों का नकली सोना घोटाला: CBI कार्रवाई के दो दिन बाद आरोपी बैंक कर्मी ने फार्म हाउस पर चलाई गोली
सीबीआई की कार्रवाई के बाद सदमे में था आरोपी

विदिशा: मध्य प्रदेश के विदिशा जिले में स्थित स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) की शाखा में नकली सोना रखकर करोड़ों रुपये का चूना लगाने वाले महाघोटाले में एक सनसनीखेज मोड़ आ गया है। इस फर्जीवाड़े में सीबीआई (CBI) की रडार पर आए बैंक कर्मचारी मनोज सोनी ने शनिवार को अपने खामखेड़ा स्थित फार्म हाउस पर छर्रे वाली बंदूक से खुद को गोली मारकर जान देने की कोशिश की। गंभीर हालत में उन्हें तुरंत जिला अस्पताल से मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है, जहां डॉक्टरों की टीम उनके इलाज में जुटी है। एक छर्रा उनके दिल के ठीक ऊपर लगा है।
बैंक और जौहरी का नेक्सस: ऐसे होता था खेल
इस महाघोटाले की परतें तब खुलीं जब जांच में सामने आया कि बैंक में जो भी सोना गिरवी रखकर लोन लिया जाता था, उसकी शुद्धता की जांच ‘एमपी ज्वैलर्स’ नामक दुकान से कराई जाती थी। यह दुकान किसी और की नहीं, बल्कि आरोपी बैंक कर्मी मनोज सोनी के परिवार (करीबी रिश्तेदारों) द्वारा संचालित की जा रही थी। मिलीभगत ऐसी थी कि नकली या कम कैरेट के सोने को भी असली बताकर करोड़ों रुपये के लोन पास करा दिए गए।
सीबीआई की कार्रवाई के बाद सदमे में था आरोपी
फार्म हाउस पर मौजूद कर्मचारियों ने तुरंत इसकी सूचना विदिशा में उनके परिजनों और पुलिस को दी। पुलिस को मौके से छर्रे वाली बंदूक बरामद हुई है। शुरुआती जांच में इसे सीबीआई की कार्रवाई के डर और सामाजिक बदनामी के चलते उठाया गया कदम माना जा रहा है।
मिलीभगत की जांच: पुलिस और सीबीआई अब इस बात की कड़ियों को जोड़ रही है कि इस करोड़ों के नेक्सस में बैंक के कौन-कौन से बड़े अधिकारी शामिल थे।
डॉक्टर्स का बयान: मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों के मुताबिक मनोज सोनी की हालत अभी नाजुक बनी हुई है और उन्हें सघन निगरानी (ICU) में रखा गया है।







