एमपी के सरकारी स्कूलों में बीएसी और जनशिक्षकों की होगी बड़ी भर्ती, दागी शिक्षकों को नो एंट्री

एमपी के सरकारी स्कूलों में बीएसी और जनशिक्षकों की होगी बड़ी भर्ती, दागी शिक्षकों को नो एंट्री
भोपाल, यशभारत। मध्य प्रदेश के शासकीय स्कूलों में शैक्षणिक स्तर सुधारने और जमीनी स्तर पर मॉनिटरिंग व्यवस्था को पुख्ता करने के लिए राज्य शिक्षा केन्द्र ने एक बड़ा कदम उठाया है। भारत सरकार के मानव संसाधन विकास मंत्रालय द्वारा समग्र शिक्षा अभियान मिशन के तहत स्वीकृत वार्षिक कार्ययोजना वर्ष 2026-27 के अंतर्गत प्रदेश के सभी विकासखण्डों में खाली पदों को भरने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं। इस संबंध में राज्य शिक्षा केन्द्र ने सभी जिला कलेक्टर्स को पत्र जारी कर समय-सीमा में भर्ती प्रक्रिया पूरी करने को कहा है।
हर विकासखण्ड में तैनात होंगे 5 अकादमिक समन्वयक
जारी आदेश के अनुसार, प्रत्येक विकासखण्ड स्रोत केन्द्र कार्यालय में विकासखण्ड अकादमिक समन्वयक के 05 पदों पर नियुक्ति की जाएगी। शैक्षणिक संतुलन बनाए रखने के लिए इन 5 पदों का विषयवार विभाजन किया गया है, जिसमें 02 पद विज्ञान संकाय, 01 पद सामाजिक विज्ञान संकाय और 02 पद भाषा संकाय (जिसमें से 01 पद अंग्रेजी विषय के लिए अनिवार्य) के लिए सुरक्षित किए गए हैं। इसके साथ ही, प्रति जनशिक्षा केन्द्र में 21 स्कूलों की निगरानी पर 01 के मान से कुल 02 जनशिक्षकों के पदों की पूर्ति भी की जाएगी।
52 वर्ष से अधिक उम्र के शिक्षकों को मौका नहीं, ये हैं पात्रता शर्तें
इन महत्वपूर्ण पदों पर चयन के लिए राज्य शिक्षा केन्द्र ने बेहद कड़े मापदंड तय किए हैं, ताकि केवल योग्य और बेदाग शिक्षक ही आगे आ सकें। आवेदन करने वाले उम्मीदवार का उच्च श्रेणी शिक्षक या माध्यमिक शिक्षक होना अनिवार्य है। 1 जनवरी की स्थिति में आवेदक शिक्षक की आयु 52 वर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए। सबसे महत्वपूर्ण शर्त यह है कि संबंधित शिक्षक के विरुद्ध कोई भी विभागीय जाँच, आपराधिक प्रकरण या लंबे समय से बिना सूचना के गायब रहने की शिकायत लंबित न हो।
कलेक्टर के प्रतिनिधि की निगरानी में बनेगी चयन समिति
भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह निष्पक्ष रहे, इसके लिए एक उच्च स्तरीय चयन समिति का गठन किया जाएगा। इस समिति में प्राचार्य, डाइट, जिला परियोजना समन्वयक, जिला शिक्षा अधिकारी, सहायक आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग अथवा उनके द्वारा नामांकित प्रतिनिधि और सहायक परियोजना समन्वयक अकादमिक शामिल रहेंगे। समिति में कलेक्टर द्वारा नामांकित प्रतिनिधि की मौजूदगी को पूरी तरह अनिवार्य किया गया है।
20 अगस्त तक जारी हो जाएंगे नियुक्ति आदेश: यह है पूरी टाइमलाइन
राज्य शिक्षा केन्द्र ने इस पूरी प्रक्रिया को समयबद्ध तरीके से निपटाने के लिए एक कड़ा शेड्यूल जारी किया है:
15 जुलाई 2026: योग्य शिक्षकों की सूची जिला शिक्षा अधिकारी और सहायक आयुक्त द्वारा प्राप्त करने की अंतिम तिथि।
25 जुलाई 2026: एजुकेशन पोर्टल पर दर्ज सर्विस रिकॉर्ड और वरिष्ठता के आधार पर विषयवार सूची तैयार होगी।
05 अगस्त 2026: वरिष्ठता के आधार पर योग्य शिक्षकों को जिला स्तर पर काउंसलिंग के लिए बुलाया जाएगा।
13 अगस्त 2026: काउंसलिंग के आधार पर फाइनल चयन सूची जिले के सूचना पटल पर चस्पा की जाएगी।
20 अगस्त 2026: कलेक्टर के अप्रूवल के बाद मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) के हस्ताक्षरों से अंतिम पदस्थापना आदेश जारी कर दिए जाएंगे।
कार्यभार ग्रहण न करने पर प्रतीक्षा सूची से मिलेगा मौका
आदेश में साफ किया गया है कि जनशिक्षक का काम मुख्य रूप से मैदानी स्तर पर दौड़-भाग का होता है, इसलिए इस पद पर पदस्थापना को प्राथमिकता दी जाएगी। यदि कोई चयनित शिक्षक प्रतिनियुक्ति के इस पद पर तय समय में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है, तो मेरिट सूची से उसका नाम हटाकर सीधे प्रतीक्षा सूची के उम्मीदवार को मौका दे दिया जाएगा। वहीं, जो शिक्षक ज्वाइन करने के बाद अपने मूल विभाग में वापस जाना चाहेंगे, उन्हें वापस भेज दिया जाएगा।









