भोपाल में हाईटेंशन के कहर से बुजुर्ग की मौत; 4 साल का पोता भी झुलसा

भोपाल में हाईटेंशन के कहर से बुजुर्ग की मौत; 4 साल का पोता भी झुलसा
भोपाल, यशभारत। राजधानी की मानव बिहार कॉलोनी में घर की छत के ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने से 78 वर्षीय बुजुर्ग शंकरलाल विश्वकर्मा की मौत हो गई। दीपावली के बाद ग्यारस की पूजा के दौरान हुई इस घटना में उनका 4 वर्षीय पोता विनय भी झुलस गया।
मिली जानकारी के अनुसार घटना 1 नवंबर की रात करीब 8 बजे हुई। मृतक के बेटे दीपक विश्वकर्मा के अनुसार, उनके पिता शंकरलाल घर की दूसरी मंजिल पर ग्यारस की पूजा के लिए गन्ने खड़े कर रहे थे। छत के बेहद करीब से गुजर रही हाईटेंशन लाइन से गन्ने का पत्ता टकराते ही अचानक तेज शॉर्ट सर्किट हुआ और आग की चिंगारियां बरसने लगीं। “पिता दो-तीन मिनट तक शॉक की चपेट में रहे। मेरे हाथ भी झुलस गए। मेरा 4 साल का बेटा विनय पिता के करीब था, शॉक से निकली चिंगारियां उसके चेहरे पर गिरीं। वह भी झुलस गया है।”
5 दिन के इलाज के बाद मौत
हादसे के बाद झुलसे बुजुर्ग शंकरलाल को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां बुधवार को 5 दिन चले इलाज के बाद उनकी मौत हो गई। परिवार गहरे सदमे में है और बुधवार को ही उनका अंतिम संस्कार किया गया। घायल पोते विनय को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है, लेकिन वह सदमे में है और लगातार दादा को याद कर रो रहा है।
बिजली विभाग की लापरवाही!
स्थानीय निवासियों ने इस हादसे के लिए (मध्य प्रदेश स्टेट इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड) की घोर लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया है। मृतक के भतीजे सुनील विश्वकर्मा ने बताया कि हाईटेंशन लाइन घर से मात्र दस फीट की दूरी पर है। यह लाइन कॉलोनी के एक नहीं, एक दर्जन से अधिक घरों के ऊपर से गुजरी है। रहवासी पूर्व में कई बार इस खतरनाक लाइन को शिफ्ट करने के लिए बिजली विभाग में शिकायत दर्ज करा चुके थे, लेकिन इस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई।







