IPS और जज दंपती की बेटी ने किया सुसाइड: भावुक नोट में लिखा- मम्मी-पापा मैं आपकी अच्छी बेटी नहीं बन सकी, आई एम सॉरी

IPS और जज दंपती की बेटी ने किया सुसाइड: भावुक नोट में लिखा- मम्मी-पापा मैं आपकी अच्छी बेटी नहीं बन सकी, आई एम सॉरी
भोपाल, यशभारत। राजधानी के अति-सुरक्षित और पॉश इलाके चार इमली में रहने वाले एक आईपीएस अधिकारी और जज दंपती की 17 वर्षीय नाबालिग बेटी का शव मंगलवार दोपहर फांसी के फंदे पर लटका मिला। इस घटना के बाद प्रशासनिक और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही हबीबगंज थाना पुलिस और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। बुधवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। मृतका की मां भोपाल गैस राहत अदालत में जज हैं।
एसीपी उमेश तिवारी के मुताबिक, पुलिस को घटनास्थल से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें छात्रा का दर्द और भावुकता साफ नजर आ रही है। उसने लिखा है, मम्मी-पापा, मैं आपसे बहुत प्यार करती हूं, लेकिन मैं आपकी अच्छी बेटी नहीं बन सकी। आईएम सॉरी। हालांकि, इस नोट में आत्मघाती कदम उठाने की असली वजह का कोई खुलासा नहीं हुआ है। पुलिस ने सुसाइड नोट और छात्रा का मोबाइल फोन अपने कब्जे में ले लिया है।
इस मामले में एक बेहद संवेदनशील पहलू भी सामने आया है। पुलिस कमिश्नर संजय सिंह ने पुष्टि की है कि आईपीएस अधिकारी और जज दंपती ने इस बेटी को महज तीन महीने की उम्र में कानूनी तौर पर गोद लिया था। उन्होंने अपनी इस लाडली को बड़े ही चाव और लाड-प्यार से पाला-पोषा था। इस खौफनाक कदम से पूरा परिवार गहरे सदमे और कड़े मानसिक आघात में है, जिसके चलते पुलिस अभी उनके विस्तृत बयान दर्ज नहीं कर पाई है।
हबीबगंज थाना प्रभारी संजीव चौकसे ने बताया कि मृतका 11वीं कक्षा की छात्रा थी। चूंकि वह हाल ही में नई क्लास में आई थी, इसलिए पुलिस पढ़ाई और करियर के कड़े दबाव वाले एंगल को भी खारिज नहीं कर रही है। वहीं, साइबर सेल की मदद से मृतका के सोशल मीडिया अकाउंट्स, हालिया चैट्स और कॉल डिटेल्स की बारीकी से जांच की जा रही है, ताकि यह समझा जा सके कि घटना के कुछ घंटे पहले वह किसके संपर्क में थी। पुलिस की एक टीम मृतका के दोस्तों और सहपाठियों से भी पूछताछ करने की तैयारी में है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम की फाइनल रिपोर्ट और फॉरेंसिक इनपुट्स आने के बाद ही तस्वीर पूरी तरह साफ हो सकेगी।







