कटारा हिल्स में तेंदुए की आहट से सहमा भोपाल: लहारपुर पार्क में वॉक पर बैन, 25 किमी में बिछा ट्रैप कैमरों का जाल

कटारा हिल्स में तेंदुए की आहट से सहमा भोपाल: लहारपुर पार्क में वॉक पर बैन, 25 किमी में बिछा ट्रैप कैमरों का जाल
भोपाल, यशभारत। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में इंसानी बस्तियों और वन्यजीवों के बीच का टकराव अब शहर के हृदय स्थल तक पहुँचता नज़र आ रहा है। अब तक केवल केरवा और कोलार डैम जैसे बाहरी वन क्षेत्रों तक सीमित रहने वाले वन्यजीवों ने अब पॉश रिहायशी इलाके कटारा हिल्स में दस्तक दे दी है। यहाँ स्थित लहारपुर इकोलॉजिकल पार्क में तेंदुए की आवाजाही दर्ज होने के बाद पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल है।
मॉर्निंग-ईवनिंग वॉक पर लगा पूर्ण प्रतिबंध
स्थानीय नागरिकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए वन विभाग ने तत्काल प्रभाव से लहारपुर पार्क में सुबह और शाम की सैर पर रोक लगा दी है। पार्क के सभी प्रवेश द्वारों पर चेतावनी बोर्ड लगा दिए गए हैं और सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया गया है।
25 किलोमीटर दायरे में सर्च ऑपरेशन जारी
तेंदुए की सटीक लोकेशन का पता लगाने के लिए वन विभाग की विशेष टीमों ने मोर्चा संभाल लिया है। आसपास के 20 से 25 किलोमीटर के विस्तृत क्षेत्र में गहन सर्चिंग अभियान चलाया जा रहा है। तेंदुए की गतिविधियों को ट्रैक करने के लिए पार्क और आसपास के संवेदनशील इलाकों में 10 से 12 ऑटोमैटिक ट्रैप कैमरे लगाए गए हैं।
शहर के मध्य क्षेत्र में पहला मामला
वन अधिकारियों के अनुसार, भोपाल के इतिहास में यह पहला अवसर है जब कोई तेंदुआ शहर के इतने अंदरूनी और घनी आबादी वाले रिहायशी इलाके में दाखिल हुआ है। विशेषज्ञों का मानना है कि प्राकृतिक आवासों के सिमटने और भोजन-पानी की तलाश में वन्यजीव शहरी इलाकों की ओर रुख कर रहे हैं।
वन विभाग ने कटारा हिल्स और आसपास की सोसायटियों के रहवासियों के लिए अलर्ट जारी करते हुए देर रात अकेले बाहर न निकलने और बच्चों का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी है।







