कल्पना मिश्रा मौत मामला: डिप्टी सीएम से वार्ता विफल, पिता के धरने पर सियासी घमासान

रीवा। कल्पना मिश्रा और नवजात शिशु की मौत के बाद उनके पिता राजशिरोमणि मिश्रा धरना स्थल पर बैठ गए हैं। चार दिनों से धरना प्रदर्शन चल रहा है। सिरमौर चौराहा पर धरना दिया जा रहा है। शुक्रवार को उनसे मिलने डिप्टी सीएम पहुंचे थे। हालांकि डिप्टी सीएम ने कोई आश्वासन नहीं दिया। जांच कर कार्रवाई की बात जरूरी की। डिप्टीसीएम राजेन्द्र शुक्ला के मिलने के बाद भी पिता टस से मस नहीं हुए। उनका धरना जारी है। वह डीन को हटाने और एफआईआर किए जाने की मांग कर रहे हैं। शनिवार को भी उनका धरना प्रदर्शन जारी है। उनके समर्थन में सुबह से ही कांग्रेस के कई नेता पहुंच गए। भीड़ भी लेकर नेता पहुंचे थे। धरना स्थल पर ही नेताओं ने डिप्टी सीएम और स्वास्थ्य व्यवस्था पर जमकर हमला बोला। भाजपा सरकार को भी आड़े हाथों लिया गया।
इस दौरान मंच पर सेमरिया विधायक अभय मिश्रा, मऊगंज के पूर्व विधायक सुखेन्द्र सिंह बन्ना, प्रदेश प्रवक्ता विनोद शर्मा, मुजीब खान, पूर्व विधायक लक्ष्मण तिवारी भी मौजूद रहे। कल्पना मिश्रा के पिता का मंज राजनेताओं ने हायर कर लिया है। अब यह लड़ाई राजनैतिक हो गई है। हालांकि इस धरना की जब शुरुआत हुई थी, तभी एक नेता ने यहां तंबू गाड़ लिया था। तभी यह स्पष्ट हो गया था कि इस पूरे धरना स्थल और प्रदर्शन का सेटअप बैठाने के पीछे सेमरिया विधायक का ही हाथ हो सकता है और देर सबेर वह यहां पहुंचेंगे भी। ऐसा हुआ भी डिप्टी सीएम के मंच तक आने के बाद धरना प्रदर्शन ने सुर्खियां ले ली हैं।
अब यही वक्त था जब इंट्री मारने का सही समय था। यही वजह है कि शनिवार को सेमरिया विधायक अभय मिश्रा ने मंच पर अपनी उपस्थिति दर्ज करा दी। कुछ समय पहले ऐसा ही माहौल अमहिया चौड़ीकरण में फंसी दुकानों को हटाने के दौरान भी बनाया गया था इस धरना स्थल से एक गुट तो पूरी तरह से चिपका हुआ है। छोडऩे और दूर होने का नाम नहीं ले रहा। इसी में अपना राजनीतिक भविष्य तलाश रहे हैं। वहीं दूसरा दल यानिक कांग्रेस के शहर अध्यक्ष राजेन्द्र शर्मा, शहर अध्यक्ष अशोक पटेल झब्बू, और महापौर अजय मिश्रा बाबा का दल गायब है। वह यहां एक भी दिन नहीं पहुंचा और समर्थन भी नहीं दिया। ऐसे में कांग्रेस में चल रही गुटबाजी भी खुलकर सामने आ गई है। यहां कांग्रेस दो धड़ों में बंटी नजर आ रही है।अमहिया सड़क चौड़ीकरण के दौरान सेमरिया विधायक ने महापौर अजय मिश्रा बाबा को लेकर सीधे हमला बोला था। डिप्टी सीएम के साथ इनकी सांठगांठ बताई थी। तब से वह प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से हमला कर रहे हैं। इसका असर अब पार्टी में भी नजर आ रहा है। पार्टी दो खेमे में बट गई है। जो सेमरिया विधायक के साथ हैं, वह कल्पना मिश्रा के पिता के साथ मंच साझा कर रहे और जो अजय मिश्रा बाबा महापौर के साथ हैं, वह दूरी बनाए हुए हैं।







