अकेले तीन महीने तक नदी में उतरकर हटाया कचरा – नीदरलैंड की संस्था हुई प्रभावित

अकेले तीन महीने तक नदी में उतरकर हटाया कचरा
– नीदरलैंड की संस्था हुई प्रभावित
भोपाल, यश भारत। ब्यावरा के सुरेंद्र सिंह चौधरी उर्फ बिट्टू तबाही की अजनार नदी को साफ करने की मुहिम अब मध्यप्रदेश की सीमाओं से बाहर चर्चा में है। नदी की सफाई के लिए लगातार जुटे बिट्टू के काम से नीदरलैंड की पर्यावरण संस्था द ओशन क्लीनअप प्रभावित हुई है। संस्था के फाउंडर बॉयन स्लैट ने सोशल मीडिया के माध्यम से बिट्टू को अपनी टीम के साथ काम करने का न्योता दिया है। बिट्टू ने 26 जनवरी को अजनार नदी को उसके पुराने स्वरूप में लौटाने का संकल्प लिया था। शुरुआत में कुछ दोस्तों ने उनका साथ दिया, लेकिन लगातार मेहनत की जरूरत के कारण धीरे-धीरे वे अभियान से अलग हो गए। इसके बाद बिट्टू ने अकेले ही सफाई अभियान जारी रखा। वह रोज सुबह नदी में उतरकर कई घंटे तक प्लास्टिक, कचरा और जमा मलबा निकालते रहे। करीब तीन महीने की लगातार मेहनत के बाद नदी की तस्वीर बदलने लगी और कई हिस्सों में साफ पानी नजर आने लगा। लंबे समय से प्रदूषण और कचरे से जूझ रही अजनार नदी कभी क्षेत्र के लोगों के लिए पानी और सिंचाई का महत्वपूर्ण स्रोत थी। बिट्टू की मुहिम ने न केवल नदी की सफाई की ओर लोगों का ध्यान खींचा, बल्कि उनके प्रयास को अंतरराष्ट्रीय पर्यावरण संगठन तक पहुंचा दिया। द ओशन क्लीनअप दुनिया भर की नदियों और समुद्रों से प्लास्टिक कचरा हटाने के लिए काम करने वाली संस्था है। बिट्टू को मिला आमंत्रण स्थानीय स्तर पर शुरू हुई उनकी मुहिम की अंतरराष्ट्रीय पहचान के तौर पर देखा जा रहा है।







