अरेरा कॉलोनी में सीलिंग कार्रवाई को लेकर सुप्रीम कोर्ट पहुंचे रहवासी – बड़े व्यावसायिक निर्माणों पर कार्रवाई नहीं होने का आरोप, 15 सितंबर को अगली सुनवाई

अरेरा कॉलोनी में सीलिंग कार्रवाई को लेकर सुप्रीम कोर्ट पहुंचे रहवासी
– बड़े व्यावसायिक निर्माणों पर कार्रवाई नहीं होने का आरोप, 15 सितंबर को अगली सुनवाई
भोपाल, यश भारत । अरेरा कॉलोनी में अवैध निर्माण और आवासीय क्षेत्र में व्यावसायिक गतिविधियों के खिलाफ संघर्ष कर रहे रहवासियों ने नगर निगम की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है। संयुक्त रहवासी संघर्ष समिति के अनुसार, रहवासियों ने न्यायालय के समक्ष संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत कर बड़े व्यावसायिक निर्माणों पर कार्रवाई नहीं किए जाने की शिकायत की है। याचिकाकर्ता विवेक त्रिपाठी का आरोप है कि जिन बड़े अवैध मॉल और व्यावसायिक निर्माणों की शिकायत रहवासियों ने नगर निगम से की थी, उन पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई। दूसरी ओर छोटे व्यापारियों और दुकानदारों के खिलाफ सीलिंग की कार्रवाई की जा रही है। रहवासियों ने इसे पक्षपातपूर्ण कार्रवाई बताते हुए सभी अवैध निर्माणों पर समान रूप से कार्रवाई की मांग की है।
रहवासियों ने न्यायालय से यह भी मांग की है कि यदि किसी अधिकारी ने न्यायालय के निर्देशों के अनुपालन में लापरवाही की है तो उसकी जिम्मेदारी तय की जाए। उनका कहना है कि कानून सभी के लिए समान होना चाहिए और कार्रवाई किसी के प्रभाव में नहीं होनी चाहिए। समिति ने कहा कि अरेरा कॉलोनी के आवासीय स्वरूप को बनाए रखने और अवैध व्यावसायिक गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए उनका संघर्ष जारी रहेगा। मामले में सुप्रीम कोर्ट में अगली सुनवाई 15 सितंबर को प्रस्तावित है।







