बांके के समन्वय से ही रुकेगी मादक पदार्थों की तस्करी : डीआईजी अशोक कुमार शुक्ल
पत्रकारों से बातचीत में डीआईजी ने कहा कि बहराइच और नेपाल के बांके जिले की पुलिस को संयुक्त रूप से अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई करनी होगी

बांके के समन्वय से ही रुकेगी मादक पदार्थों की तस्करी : डीआईजी अशोक कुमार शुक्ल
बहराइच। रुपईडीहा में गुरुवार शाम देवीपाटन मंडल के डीआईजी अशोक कुमार शुक्ल ने कहा कि सीमावर्ती क्षेत्र में मादक पदार्थों की बरामदगी को पुलिस का “गुड वर्क” नहीं माना जा सकता। उन्होंने कहा कि वास्तविक सफलता तब होगी, जब नशीले पदार्थों का अवैध भंडारण ही न होने दिया जाए।
पत्रकारों से बातचीत में डीआईजी ने कहा कि बहराइच और नेपाल के बांके जिले की पुलिस को संयुक्त रूप से अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई करनी होगी। उन्होंने बताया कि डॉक्टर के पर्चे पर मिलने वाली दवाओं का बड़ी मात्रा में अवैध भंडारण रुपईडीहा और दरगाह क्षेत्र में मिला है, जो गंभीर चिंता का विषय है।
डीआईजी ने स्पष्ट कहा कि वह एक सप्ताह का समय दे रहे हैं। इसके बाद यदि कोई भी व्यक्ति इस अवैध कारोबार में संलिप्त पाया गया तो उसके विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि नेपाल भारत का मित्र देश है और दोनों सीमावर्ती क्षेत्रों की समस्याएं भी समान हैं। इसलिए दोनों देशों की पुलिस के बीच बेहतर समन्वय और सूचनाओं के आदान-प्रदान से ही मादक पदार्थों की तस्करी पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सकता है। उन्होंने बहराइच के पुलिस अधीक्षक से बांके के एसपी के साथ नियमित संपर्क बनाए रखने की भी अपील की।
इस दौरान डीआईजी के साथ अपर पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) दुर्गा प्रसाद तिवारी, क्षेत्राधिकारी नानपारा पहुप सिंह तथा रुपईडीहा प्रभारी निरीक्षक रमेश सिंह रावत मौजूद रहे। सभी अधिकारी नेपाल गेट तक पहुंचे, जहां नेपाल एपीएफ के डीएसपी तीर्थ राज और थाना जमुनहा के प्रभारी के साथ सीमापार समन्वय को लेकर वार्ता की गई।







