हमला करने के मामले में डाक्टर अमित खरे को मिली जिला न्यायालय से मिली जमानत

ज्ञात हो कि थाना गढ़ा अंतर्गत सुनील सेन के ऊपर हमला करने के मामले में स्मार्ट सिटी अस्पताल के संचालक के ऊपर भारतीय न्याय संहिता की धारा 109(1),296,126(2),3(5),(भारतीय दंड संहिता की धारा 307, 294,506 34)के तहत मामला पंजीबद्ध किया गया था, और पुलिस द्वारा अमित खरे को गिरफ्तार कर दो दिनों की पुलिस रिमांड ली गई थी और रिमांड खतम होने के जेल भेज दिया था, डाक्टर अमित खरे की ओर से जमानत आवेदन जिला एवं सत्र न्यायालय जबलपुर में पेश किया गया था और जमानत आवेदन पर सुनवाई अतिरिक्त तृतीय जिला एवं सत्र न्यायाधीश इरशाद अहमद के द्वारा कि गई और आरोपी की ओर के अधिवक्ताओं के तर्कों को सुनने के बाद व पुलिस डायरी के अवलोकन पर यह पाया गया कि प्रथम सूचना रिपोर्ट,देहाती नालसी एवं फरियादी सुनील सेन के कथनों में आवेदक/आरोपी का नाम उल्लेख नहीं है और न ही इस बात का उल्लेख है कि उसके द्वारा फरियादी सुनील सेन से कोई मारपीट की गई है, केस डायरी के अवलोकन से मेडिकल रिपोर्ट की जांच के बाद न्यायालय ने पाया कि फरियादी को साधारण चोटें आई हैं और आवेदक के अधिवक्ता के द्वारा सर्वोच्च न्यायालय के न्याय दृष्टांत भी प्रस्तुत किये गए जिनके तहत जमानत का लाभ देना उचित प्रतीत होता है, आवेदक/आरोपी की ओर से जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष मनीष मिश्रा व अधिवक्ता तरुण शुक्ला के द्वारा पैरवी की गई।







