MURDER : प्रॉपर्टी विवाद में भाइयों ने मिलकर लाठियों, पाइप और रॉड से पीट-पीटकर की भाई की निर्मम हत्या

सागर यश भारत (संभागीय ब्यूरो)/ बुंदेलखंड के सागर शहर के मोतीनगर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले रविशंकर वार्ड में रिश्तों का कत्ल करने वाली एक बेहद सनसनीखेज और निर्मम वारदात सामने आई है। यहां महज संपत्ति (जमीन-जायदाद) के आपसी कानूनी विवाद को लेकर सगे ममेरे भाइयों ने अपने ही फुफेरे भाई अतुल जड़िया (उम्र 40 वर्ष) पर लाठी-डंडों, लोहे के पाइप और रॉड से सरेराह प्राणघातक हमला कर दिया। हमलावरों ने अतुल को उसके घर के बाहर घेरकर तब तक बेरहमी से पीटा, जब तक कि उसकी सांसें नहीं थम गईं। इस जघन्य हत्याकांड से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी सहित तीन लोगों को हिरासत में ले लिया है।
यश भारत के संभागीय ब्यूरो को मिली जानकारी के अनुसार रविशंकर वार्ड निवासी मृतक अतुल जड़िया का अपने सगे मामा के बेटों (ममेरे भाइयों) के साथ एक मकान और जमीन की मिल्कियत को लेकर लंबे समय से तीखा विवाद चल रहा था, जिसका कोर्ट में मामला भी लंबित था। इसी रंजिश के चलते घात लगाए बैठे ममेरे भाइयों और उनके साथियों ने अतुल को उसके घर के ठीक सामने सरेराह रोक लिया। इससे पहले कि अतुल कुछ समझ पाता या अपनी जान बचाकर भाग पाता, आरोपियों ने उस पर लाठी-डंडों और लोहे की रॉड से अंधाधुंध वार करना शुरू कर दिया। सिर और सीने पर गंभीर चोटें लगने के कारण अतुल लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़ा, लेकिन हमलावरों का दिल नहीं पसीजा और वे उसे मरणासन्न स्थिति में छोड़कर मौके से फरार हो गए।
घटना के तुरंत बाद परिजनों और स्थानीय लोगों की मदद से खून से लथपथ अतुल जड़िया को गंभीर हालत में बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज (BMC) ले जाया गया, जहां परीक्षण के उपरांत डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अस्पताल से मिली सूचना के बाद मोतीनगर थाना पुलिस और वरिष्ठ अधिकारियों का अमला तत्काल सक्रिय हुआ। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पंचनामा बनाया और पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया।
पुलिस अधीक्षक अनुराग सुजानिया का कड़ा रुख; टीआई जसवंत सिंह राजपूत ने मुख्य आरोपी सहित तीन को दबोचा
वारदात की गंभीरता को देखते हुए सागर एसपी अनुराग सुजानिया ने मामले को बेहद संवेदनशीलता से लिया है। घटना की सूचना मिलते ही वे स्वयं मोतीनगर थाने पहुंचे तथा उपस्थित अधिकारियों से पूरे घटनाक्रम की विस्तृत जानकारी ली। पुलिस अधीक्षक ने फरार आरोपियों की त्वरित गिरफ्तारी के लिए कड़े दिशा-निर्देश जारी करते हुए साफ शब्दों में कहा कि शहर में किसी भी प्रकार की गुंडागर्दी या कानून हाथ में लेने की इजाजत किसी को नहीं दी जाएगी और सभी आरोपियों पर सख्त से सख्त कानूनी शिकंजा कसा जाएगा।
एसपी के निर्देशों पर अमल करते हुए मोतीनगर थाना टीआई जसवंत सिंह राजपूत अपने पूरे पुलिस बल और एफएसएल टीम के साथ तत्काल मौके पर पहुंचे थे। टीआई जसवंत सिंह राजपूत ने मौके पर कानून-व्यवस्था को संभाला और मामले की बारीकी से जांच शुरू की। पुलिस टीम ने तत्परता दिखाते हुए अपने मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया और त्वरित घेराबंदी कर मुख्य आरोपी ममेरे भाई सहित तीन संदिग्धों को हिरासत में ले लिया है।
मोतीनगर थाना प्रभारी जसवंत सिंह के अनुसार, पकड़े गए आरोपियों से हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियारों (मर्डर वेपन) की बरामदगी के संबंध में कड़ाई से पूछताछ की जा रही है। घटना में शामिल कुछ अन्य सह-आरोपियों के नाम भी सामने आए हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए टीआई के नेतृत्व में पुलिस टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं। क्षेत्र में एहतियातन पुलिस बल तैनात है और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है।







