रायसेन के गौहरगंज में भारी तनाव, आरोपी सलमान की फरारी से भड़का प्रदर्शन, पथराव के बाद पुलिस ने दागे आंसू गैस के गोले

रायसेन के गौहरगंज में भारी तनाव, आरोपी सलमान की फरारी से भड़का प्रदर्शन, पथराव के बाद पुलिस ने दागे आंसू गैस के गोले
6 जिलों की पुलिस तैनात, इलाके में अघोषित कर्फ्यू
भोपाल, यशभारत। रायसेन जिले के गौहरगंज में 6 साल की बच्ची से दुष्कर्म के आरोपी सलमान उर्फ नजर की गिरफ्तारी न होने से बुधवार को भारी तनाव भड़क उठा। सकल हिंदू समाज द्वारा बुलाया गया शांतिपूर्ण प्रदर्शन उस वक्त अचानक हिंसक हो गया, जब आक्रोशित युवकों ने पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया। जवाब में, पुलिस को भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े और हल्का लाठीचार्ज करना पड़ा।
अघोषित कर्फ्यू और भारी पुलिस बल
हिंसक झड़प के बाद पूरे गौहरगंज क्षेत्र में अघोषित कर्फ्यू जैसे हालात बन गए हैं। सड़कें सुनसान हैं, और बाजार बंद हैं। स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए 6 जिलों की पुलिस और QRF (त्वरित प्रतिक्रिया बल) सहित 500 से अधिक जवान तैनात किए गए हैं। डीआईजी प्रशांत खरे ने मीडिया को बताया कि हालात अब नियंत्रण में हैं और चप्पे-चप्पे पर निगरानी रखी जा रही है।
मंच से वक्ताओं ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि यह अंतिम नोटिस है। हिंदू उत्सव समिति ने 5 दिन के भीतर गिरफ्तारी न होने पर भोपाल बंद की चेतावनी दी है। यह कृत्य करने वाला इंसान नहीं, राक्षस है… आरोपी को तुरंत गिरफ्तार कर कड़ी से कड़ी सजा दी जानी चाहिए।
प्रदर्शन में उग्र मांगें
स्कूल ग्राउंड में हुए धरने में बड़ी संख्या में महिलाएं और किन्नर समाज भी शामिल हुआ। प्रदर्शन के दौरान आरोपी को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग उग्र हो गई: किन्नर समाज ने खुले मंच से चेतावनी दी कि आरोपी को उनके हवाले किया जाए, वे उसे “किन्नर बना देंगे। कई महिलाओं ने आरोपी को जिंदा जलाने की मांग उठाई है। आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी और उसे फांसी की सज़ाने की मांग है
पड़ोसी जिलों में भी विरोध
गौहरगंज की घटना का असर पड़ोसी जिलों में भी देखने को मिला। सीहोर में सर्व हिंदू समाज के आह्वान पर बाजार और व्यावसायिक क्षेत्र दोपहर तक पूरी तरह बंद रहे। वहीं, नर्मदापुरम में सकल हिंदू समाज ने एसपी ऑफिस चौराहे पर चक्का जाम कर अपना विरोध दर्ज कराया।
कांग्रेस ने कानून-व्यवस्था पर उठाए सवाल
मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने भोपाल एम्स जाकर पीड़ित बच्ची और उसके परिवार से मुलाकात की। उन्होंने प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाते हुए कहा कि ऐसी घटनाएं प्रदेश की कानून-व्यवस्था की असल तस्वीर दिखाती हैं।






