सरकारी फंड से गोवा भ्रमण, वेटरनरी विश्वविद्यालय में करोड़ों का घोटाला उजागर
जांच में कई अधिकारी और कर्मचारी दोषी पाए गए

जबलपुर, यशभारत | सरकारी शोध निधि के दुरुपयोग का बड़ा मामला सामने आया है। वेटरनरी विश्वविद्यालय की एक टीम द्वारा सरकारी फंड से गोवा में सैर-सपाटा किए जाने का खुलासा हुआ है। अपर कलेक्टर द्वारा कराई गई जांच में करोड़ों रुपये के घोटाले के संकेत मिले हैं, जिसके बाद पूरे मामले को कलेक्टर के संज्ञान में सौंप दिया गया है।
जानकारी के अनुसार वर्ष 2011 से 2018 के बीच विश्वविद्यालय में कैंसर और टीबी से संबंधित शोध किया जाना था। इसके लिए शासन द्वारा विश्वविद्यालय को 3 करोड़ रुपये से अधिक की राशि उपलब्ध कराई गई थी। जांच में सामने आया कि शोध कार्य के नाम पर प्राप्त राशि का उपयोग निर्धारित उद्देश्यों के अनुरूप नहीं किया गया।
जांच के दौरान विश्वविद्यालय प्रबंधन द्वारा कई महत्वपूर्ण दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए गए, जिससे अनियमितताओं की पुष्टि और मजबूत हुई। अब तक की जांच में कई अधिकारी और कर्मचारी दोषी पाए गए हैं। अपर कलेक्टर की रिपोर्ट के आधार पर अब इस पूरे मामले में विभागीय कार्रवाई तेज कर दी गई है। प्रशासनिक स्तर पर आगे की जांच और जिम्मेदारों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।







