कर्ज और रिकवरी एजेंटों की प्रताड़ना से तंग आकर रैपिडो चालक ने लगाई फांसी

कर्ज और रिकवरी एजेंटों की प्रताड़ना से तंग आकर रैपिडो चालक ने लगाई फांसी
भोपाल, यशभारत। राजधानी के कोलार इलाके में कर्ज के बोझ तले दबे एक व्यक्ति ने मौत को गले लगा लिया। 45 वर्षीय उत्तम सिंह चौहान ने बुधवार रात अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतक मूल रूप से नरसिंहगढ़ का रहने वाला था और पिछले 10 महीनों से कोलार के 610 क्वार्टर में किराए के मकान में रहकर रैपिडो चालक के तौर पर काम कर रहा था। पुलिस को मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है, लेकिन परिजनों ने फाइनेंस कंपनी के कर्मचारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
मृतक की पत्नी निर्मला चौहान ने बताया कि परिवार ने नरसिंहगढ़ में घर बनाने के लिए बजाज फाइनेंस से 15 लाख रुपए का लोन लिया था। बीते कुछ समय से आर्थिक स्थिति बिगड़ने के कारण लोन की किश्तें जमा नहीं हो पा रही थीं। किश्तें बाउंस होने की वजह से फाइनेंस कंपनी के रिकवरी एजेंट लगातार उत्तम सिंह को फोन पर धमका रहे थे और उन पर दबाव बना रहे थे। इसी मानसिक तनाव के चलते उन्होंने यह आत्मघाती कदम उठाया।
घटना के समय उत्तम सिंह घर पर अकेले थे। उनके दोनों बेटे काम पर गए थे और पत्नी डॉक्टर के पास चेकअप कराने गई थीं। जब पत्नी घर लौटी और दरवाजा नहीं खुला, तो पड़ोसियों की मदद से गेट तोड़ा गया, जिसके बाद घटना का पता चला। कोलार थाना पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि परिजनों के विस्तृत बयानों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।







