जबलपुर क्रूज हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़कर हुई 9 देखें पूरी जानकारी
क्रूज पायलट बोले- संभलने का मौका ही नहीं मिला

जबलपुर क्रूज हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़कर हुई 9 देखें पूरी जानकारी
जबलपुर , यशभारत। मध्य प्रदेश के जबलपुर के बरगी डैम पर हुए क्रूज हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़ गई है। 2 और शव मिलने से अब मृतकों की संख्या 9 हो गई है। वहीं 24 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया है। 7 लोग अभी भी लापता हैं, जिनकी तलाश में सर्च ऑपरेशन जारी है। वहीं प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मृतकों के लिए 4-4 लाख के मुआवजे का ऐलान किया है। हादसे की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय प्रशासन के साथ-साथ अब राष्ट्रीय स्तर की टीमें भी तैनात की गई हैं। आर्मी भी मौके पर मौजूद है।
हैदराबाद से एक स्पेशल टीम और हेलिकॉप्टर रवाना
हैदराबाद से एक स्पेशल टीम और हेलिकॉप्टर रवाना किया गया है। कोलकाता से पैरामिलिट्री की एक विशेष टीम जबलपुर पहुंच चुकी है। हाइड्रॉलिक मशीनों और पोकलेन की मदद से 20 फीट गहरे पानी में फंसे क्रूज को बाहर निकालने की कोशिश जारी है।
प्रशासन के अनुसार, 7 से अधिक लोग अभी भी लापता हैं। बताया जा रहा है कि हादसे के वक्त क्रूज में लगभग के करीब 40 पर्यटक सवार थे। हादसा किनारे से लगभग 300 मीटर दूर हुआ। बरगी सिटी सीएसपी अंजुल मिश्रा ने बताया कि शुरुआती रेस्क्यू में स्ष्ठक्रस्न ने कई लोगों को बचाया, लेकिन अंधेरा और खराब मौसम से राहत कार्य प्रभावित हुआ। शुक्रवार सुबह फिर से रेस्क्यू जारी है।
क्रूज पायलट बोले- संभलने का मौका ही नहीं मिला
क्रूज के पायलट महेश ने बताया, सुरक्षा के इंतजाम तो थे, लेकिन अचानक आए तेज तूफान के चलते क्रूज अनियंत्रित हो गया। किसी को संभलने का मौका ही नहीं मिला। महेश को 10 साल का अनुभव है। आयुध निर्माणी खमरिया के ्र3 सेक्शन में कार्यरत कर्मचारी कामराज आर्य परिवार के 15 लोगों के साथ घूमने गए थे। कामराज के माता-पिता भी साथ में थे, लेकिन वह डैम के किनारे बैठे हुए थे। कामराज के साथ उनकी पत्नी, भाभी और बच्चे क्रूज में घूमने गए हुए थे। कामराज मूलत: कर्नाटक के रहने वाले हैं। कामराज के एक बेटे को बचा लिया गया है। वहीं कामराज, उनकी पत्नी और बेटा अब भी लापता है।
अब तक इनकी हुई पहचान
श्रीमती नीतू सोनी (43), निवासी कोतवाली, जबलपुर
श्रीमती सौभाग्यम अलागन (42, निवासी अन्नानगर, वेस्ट तारापुरम, तमिलनाडु
श्रीमती मधुर मैसी (62), निवासी खाजन बस्ती, नई दिल्ली
श्रीमती काकुलाझी (38), निवासी वेस्ट लैंड खमरिया, जबलपुर
श्रीमती रेशमा सैयद (66)
शमीम नकवी (66)
मेरिना (39)
त्रिशन (4)
बाकी डेडबॉडी की पहचान की प्रक्रिया जारी है।
पर्यटन विभाग के अधिकारी बोले- 20 साल पुराना है क्रूज
पर्यटन विभाग के अधिकारी योगेंद्र रिछारिया ने बताया कि बरगी डैम में एक क्रूज संचालित किया जा रहा है। इसका निर्माण 2006 में किया गया था। इसकी क्षमता 60 यात्रियों की है। वहीं दूसरा क्रूज खराब है।







