रेलवे निर्माण कार्य में ठेका श्रमिक की मौत : परिजनों ने लगाया चक्काजाम, घंटों थमी रफ्तार

रीवा। रेलवे स्टेशन में चल रहे निर्माण कार्य के दौरान घायल हुए ठेका श्रमिक की मौत से नाराज परिजनों ने रेलवे मोड़ के नीचे मंगलवार की शाम जाम लगा दिया। परिजनों मांग 30 लाख रुपए और नौकरी की थी। जानकारी मिलने पर मौके पर पहुंची तीन थानों की पुलिस भी जाम नहीं खुलवा सकी। प्रशासनिक अधिकारियों के नियम अनुरूप कार्रवाई किए जाने के आश्वासन के बाद परिजनों ने जाम हटा लिया। इस दौरान लगभग डेढ़ घंटे तक रेलवे ओवर ब्रिज के नीचे जाम लगा रहा। जाम लगने की जानकारी मिलने पर चोरहटा, सिविल लाइन और अमहिया थाने का पुलिस बल मौके पर पहुंच गया।
बताया गया है कि खैरा नई बस्ती निवासी इंद्रपाल साकेत 44 वर्ष रेलवे स्टेशन में चल रहे निर्माण कार्य में ठेका श्रमिक के रूप में कार्य करता था। रविवार की शाम कार्य के दौरान वह घायल हो गया। जिसे उपचार के लिए संजय गांधी चिकित्सालय में भर्ती कराया गया। जीआरपी के मुताबिक सोमवार को घायल श्रमिक की अस्पताल में ही मौत हो गई। रात भर उसका शव मरचुरी में पड़ा रहा। मौके पर पहुंचे नायब तहसीलदार राजीव शुक्ला ने इस संबंध में बताया कि परिजनों को आश्वासन दे दिया गया है। जिससे जाम भी खुल चुका है। आवश्यक कार्रवाई के लिए पुलिस और जीआरपी को निर्देश दे दिए गए हैं।
शाम सवा 7 बजे के आसपास मृत श्रमिक के परिजन रोपवे ओवर ब्रिज के नीचे पहुंचे और जाम लगा दिया। परिजनों का कहना था कि जब उन्होंने इस घटना के संबंध में ठेकेदार से बात की तो ठेकेदार ने मृत श्रमिक का आधार कार्ड लेकर अस्पताल पहुंचने को कहा। लेकिन ठेकेदार वहां नहीं पहुंचा।
मृतक श्रमिक के परिजन दोपहर 1 बजे के आसपास जीआरपी थाना पहुंचे, जहां उन्होंने ठेकेदार के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की और पूरी जानकारी जीआरपी को दी। जीआरपी इंचार्ज आरएल प्रजापति परिजनों को लेकर संजय गांधी चिकित्सालय पहुंचे और पंचनामा कराने की बात की। लेकिन परिजनों ने पंचनामा कराने से इंकार कर दिया और कागज में हस्ताक्षर भी नहीं किया। घोड़ी देर के बाद परिजन जीआरपी को बिना सूचना दिए अस्पताल से चले गए।







