भाजपा की नई गाइड लाइन से नेताओं के होश उड़े, जिलों से फिर मांगे 3-3 नामों के पैनल, छोटा मिलेगा कार्यकाल
एल्डरमैन बने तो पार्षद का टिकट संकट में,नगर परिषदों के बाद अब नगर निगम का नंबर

जबलपुर, यश भारत। भाजपा द्वारा रविवार को 25 नगर परिषदों के 123 एल्डरमैन के नामों की सूची जारी किए जाने के बाद अब नगर निगम के एल्डरमैन को लेकर हलचल तेज हो गई है। इसी बीच भाजपा की नई गाइडलाइन एल्डरमैन के दावेदारों को पशोपेश में डाल रही है। सूत्र बताते हैं कि पार्टी जिन्हें एल्डरमैन बनाएगी, उन्हें सवा साल बाद होने वाले नगर निगम चुनाव में पार्षद का टिकट नहीं मिलेगा। एल्डरमैन बनने के बाद वे पार्षद की दौड़ से बाहर हो जाएंगे।
यह भी पता चला है कि जिलाध्यक्षों से एक बार फिर 3-3 दावेदारों के नामों के पैनल मांगे गए हैं। हालांकि एल्डरमैन की नियुक्ति के मामले में विधायकों की पसंद को अधिक तवज्जो दी जा रही है। भाजपा की नियुक्तियों में विलंब होने के कारण अब यदि नियुक्ति होती है तो एल्डरमैन को बमुश्किल 8 महीने का ही कार्यकाल मिल पाएगा। काफी समय बीत चुका है, जिससे दावेदारों में असमंजस की स्थिति बनी हुई है।
दावेदारों को आशंका है कि एल्डरमैन बनने पर भविष्य में पार्षद टिकट मिलने में बाधाएं आ सकती हैं। भाजपा हाईकमान ने अगले सप्ताह स्क्रूटनी का कार्यक्रम तय किया है। पहले नियुक्ति आदेश जारी किए जाएंगे और इसके बाद पुलिस वेरिफि केशन की प्रक्रिया पूरी की जाएगी, जबकि कार्योत्तर अनुमोदन बाद में लिया जाएगा। उल्लेखनीय है कि पार्टी में कुछ दिन पहले वरिष्ठ नेताओं एवं पूर्व विधायकों को जिलों का प्रभार सौंपा गया है, ताकि ऐसे मामलों में आम सहमति बनाई जा सके।
असंतोष को थामना बड़ी चुनौती
प्रदेश नेतृत्व का मानना है कि दावेदारों और कार्यकर्ताओं में किसी प्रकार का अंदरूनी असंतोष न रहे। एल्डरमैन के साथ ही कॉलेजों की जनभागीदारी समितियों में नियुक्तियों के माध्यम से कार्यकर्ताओं को समायोजित करने की योजना है। वहीं हाल ही में कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हुए नेताओं में भी असंतोष देखा जा रहा है, क्योंकि उन्हें अब तक कोई जिम्मेदारी नहीं मिल सकी है।
चुनाव तक रहेगा कार्यकाल
पार्टी के वरिष्ठ नेताओं का कहना है कि जून-जुलाई 2027 में स्थानीय निकाय चुनाव प्रस्तावित हैं, ऐसे में एल्डरमैन का कार्यकाल काफी छोटा रहेगा। यही कारण है कि कई दावेदार पीछे हटने लगे हैं। सूत्रों के अनुसार कोर ग्रुप की बैठक के बाद सहमति बनने पर एल्डरमैन की घोषणा की जाएगी। संगठन का कहना है कि अंतिम निर्णय योग्यता के आधार पर लिया जाएगा।
पहले भेजे थे 12 नाम
जानकारी के अनुसार 3-4 महीने पहले जिला संगठन द्वारा 12 नाम भेजे गए थे और इस बार नगर निगम में 12 एल्डरमैन बनाए जाने की चर्चा थी। अब फिर से नए पैनल मांगे जाने से यह देखना होगा कि पुराने नामों को कितनी प्राथमिकता मिलती है या नए समीकरण सामने आते हैं।







