भोपाल के बैरागढ़ में 12 साल की बच्ची की निर्मम हत्या: थाने के बाहर आक्रोशित लोगों का चक्काजाम, पुलिस पर संदेही को छोड़ने का गंभीर आरोप

भोपाल के बैरागढ़ में 12 साल की बच्ची की निर्मम हत्या: थाने के बाहर आक्रोशित लोगों का चक्काजाम, पुलिस पर संदेही को छोड़ने का गंभीर आरोप
भोपाल, यशभारत। राजधानी के बैरागढ़ इलाके में 12 साल की एक नाबालिग बच्ची की संदिग्ध हालात में हत्या किए जाने से सनसनी फैल गई है। शुक्रवार को बच्ची का शव कृष्णा कॉम्प्लेक्स के पीछे एक खंडहर में मिलने के बाद स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। आक्रोशित भीड़ ने बैरागढ़ थाने के बाहर जमकर नारेबाजी की और मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। प्रदर्शनकारी आरोपी को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर फांसी देने की मांग कर रहे हैं।
परिजन ने दर्ज कराई थी गुमशुदगी
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, मृतका गुरुवार रात करीब 8 बजे अपने घर से निकली थी, जिसके बाद वह वापस नहीं लौटी। काफी तलाशने के बाद जब उसका कोई सुराग नहीं लगा, तो परिजनों ने देर रात थाने पहुंचकर उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई थी। शुक्रवार सुबह पुलिस को सूचना मिली कि कृष्णा कॉम्प्लेक्स के पीछे खंडहर में एक बच्ची का शव पड़ा है, जिसकी शिनाख्त लापता बच्ची के रूप में हुई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुँची और शव को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू की।
पुलिस पर लगा संदेही को छोड़ने का गंभीर आरोप
इस सनसनीखेज मामले में स्थानीय नागरिकों और परिजनों का पुलिस प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप है। स्थानीय निवासी अज्जू ने दावा किया कि घटना के बाद स्थानीय लोगों ने ही एक संदेही को पकड़कर सुबह 8 से 10 बजे के बीच थाने में बंद करवाया था, लेकिन पुलिस ने संदेही को थाने से छोड़ दिया। बाद में जब लोगों को उसका नाम मोईन निवासी 12 नंबर कैंप पता चला और उसकी संलिप्तता की बात सामने आई, तो लोगों का आक्रोश और बढ़ गया।
थाने के बाहर भारी पुलिस बल तैनात
घटना के विरोध में बैरागढ़ थाने के बाहर सैकड़ों की संख्या में लोग सड़क पर बैठ गए हैं और यातायात पूरी तरह बाधित हो गया है। हालात को देखते हुए मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। समाचार लिखे जाने तक अधिकारियों द्वारा प्रदर्शनकारियों को समझाने और शांत कराने के प्रयास जारी हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं और हत्या के वास्तविक कारणों की बारीकी से जांच की जा रही है।






