भोपालमध्यप्रदेश

प्राथमिक शिक्षक वर्ग-3 भर्ती: 147 अभ्यर्थियों की नियुक्ति पर फंसा पेंच, महाधिवक्ता की राय का इंतजार

प्राथमिक शिक्षक वर्ग-3 भर्ती: 147 अभ्यर्थियों की नियुक्ति पर फंसा पेंच, महाधिवक्ता की राय का इंतजार

भोपाल, यशभारत। प्राथमिक शिक्षक वर्ग-3 भर्ती परीक्षा के मेरिट होल्डर अभ्यर्थियों की नियुक्ति का मामला कानूनी उलझन में फंस गया है। स्कूल शिक्षा विभाग ने इसे डिस्प्यूट मानते हुए महाधिवक्ता से लीगल ओपिनियन मांगा है। अब महाधिवक्ता की राय के आधार पर ही करीब 147 अभ्यर्थियों के भविष्य का फैसला होगा। यदि राय नियुक्ति के पक्ष में नहीं आती है, तो विभाग अपने पुराने फैसले पर ही कायम रहेगा।

यह है पूरा विवाद
प्राथमिक शिक्षक वर्ग-3 की यह भर्ती परीक्षा 2025 में कर्मचारी चयन बोर्ड के माध्यम से आयोजित की गई थी। विभाग का तर्क है कि विज्ञापन की अंतिम तारीख तक डीएलएड की डिग्री होना अनिवार्य था। जिन अभ्यर्थियों की डिग्री विज्ञापन की अंतिम तारीख के बाद और परीक्षा परिणाम आने से पहले पूरी हुई, विभाग ने उन्हें नियुक्ति देने से इनकार कर दिया है। वहीं, अभ्यर्थियों का कहना है कि भर्ती नियमों में ऐसी कोई शर्त स्पष्ट रूप से नहीं थी।

स्कूल शिक्षा विभाग के सामने एक बड़ी चुनौती यह भी है कि यदि इन 147 अभ्यर्थियों को नियुक्ति दी जाती है, तो भर्ती प्रक्रिया के अन्य हजारों अभ्यर्थी भी इसी आधार पर अपनी दावेदारी पेश कर सकते हैं, जिससे विभाग के लिए स्थिति संभालना मुश्किल हो सकता है।

डीपीआई पहुंचे अभ्यर्थी, कड़ा रुख
उल्लेखनीय है कि पिछले दिनों बोर्ड ऑफिस चौराहे पर प्रदर्शन और चक्काजाम के बाद अब आंदोलनरत अभ्यर्थियों ने लोक शिक्षण संचालनालय  का रुख कर लिया है। प्रदर्शनकारी अभ्यर्थियों का साफ कहना है कि अब उन्हें कोरे आश्वासनों के बजाय नियुक्ति और जॉइनिंग पर ठोस और अंतिम फैसला चाहिए। क्लॉज-49 और डीएलएड की पात्रता से जुड़े इस विवाद के चलते बड़ी संख्या में चयनित उम्मीदवारों का भविष्य फिलहाल अधर में लटका हुआ है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button