रूस-यूक्रेन युद्ध के फैलने का बढ़ा खतरा, नाटो देशों में चिंता
रूस के तेज होते हमलों के बीच यूरोप ने बढ़ाई तैयारी, यूक्रेन ने किया अब तक का बड़ा ड्रोन हमला

मास्को, यश भारत . रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध लगातार तेज होता जा रहा है। दोनों देश ड्रोन और मिसाइलों के जरिए एक-दूसरे के ठिकानों को निशाना बना रहे हैं। इस बीच यूरोपीय अधिकारियों की ओर से चेतावनी दी गई है कि संघर्ष का दायरा बढ़ सकता है। इस आशंका को देखते हुए यूरोपीय देश अपनी सुरक्षा तैयारियों को मजबूत करने में जुट गए हैं। नाटो सदस्य देशों में भी रूस के साथ संभावित टकराव को लेकर चिंता बढ़ी है।
खुफिया सूचनाओं के आधार पर आशंका जताई जा रही है कि रूस आने वाले समय में बड़े सैन्य अभियान को अंजाम दे सकता है, जिससे नाटो के साथ सीधा टकराव पैदा होने की स्थिति बन सकती है। रूस की ओर से यूक्रेन में हवाई और जमीनी हमले लगातार जारी हैं। वहीं, यूक्रेन भी रूस के खिलाफ अपने हमलों का दायरा बढ़ा रहा है और उसने रूस पर अब तक के सबसे बड़े ड्रोन हमलों में से एक को अंजाम दिया है।यूक्रेन ने हाल ही में एक नई मिसाइल को भी अपने सैन्य बेड़े में शामिल किया है। इसके बाद उसकी लंबी दूरी तक हमला करने की क्षमता बढ़ गई है। दूसरी ओर, रूस पूर्वी और दक्षिणी इलाकों में जमीनी मोर्चे पर आगे बढ़ने की कोशिश कर रहा है। इसके साथ ही यूक्रेन के अलग-अलग हिस्सों में हवाई हमलों का सिलसिला भी जारी है।
रूसी हमले का जवाब देने को तैयार नाटो
वारजोन की रिपोर्ट के मुताबिक, नाटो के एक वरिष्ठ अधिकारी ने रूस की ओर से किए जा रहे हमलों में तेजी आने की बात कही है। अधिकारी के अनुसार, रूस यूक्रेन में अपने सैन्य अभियान को तेज कर रहा है और संघर्ष को जल्द खत्म करने के लिए दबाव बढ़ाने की कोशिश कर सकता है। नाटो अधिकारी ने कहा कि गठबंधन रूस की किसी भी संभावित चुनौती का जवाब देने के लिए तैयार है।
नाटो की चिंता ऐसे समय में बढ़ी है, जब पिछले सप्ताह एक संदिग्ध ड्रोन बेलारूस की ओर से लिथुआनिया की सीमा में पहुंच गया था। रिपोर्ट के अनुसार, नाटो बलों ने इस ड्रोन को मार गिराया। इस घटना ने यूरोपीय देशों की सुरक्षा चिंताओं को और बढ़ा दिया है।







