कलेक्टर के प्रतिबंध के बावजूद आधी रात निजी बोरिंग, गणेश चौक का मामला, कोतवाली पुलिस ने जब्त की दो गाडिय़ां

कटनी, यशभारत। जिले में जल संकट को देखते हुए कलेक्टर आशीष तिवारी द्वारा गर्मी के दौरान निजी बोरिंग पर प्रतिबंध लगाए जाने के आदेश के बावजूद निजी बोरिंग की अनुमति दिए जाने का मामला सामने आया है। इसको लेकर प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। जानकारी के अनुसार कलेक्टर द्वारा जारी आदेश में सरकारी कार्यों को छोडक़र निजी बोरिंग कराने पर रोक लगाई गई थी। इसके बावजूद आरोप है कि राजस्व विभाग के अधिकारियों द्वारा निजी बोरिंग की अनुमति जारी की गई, जिसके बाद शहर में कई स्थानों पर बोरिंग का कार्य जारी है। ताजा मामला कोतवाली थाना क्षेत्र के गणेश चौक का बताया जा रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार जैन मंदिर के पास एक बोरिंग फेल होने के बाद दूसरी बोरिंग कराई जा रही थी। इसकी सूचना पुलिस को दी गई, जिसके बाद मौके पर पहुंचे पुलिसकर्मियों ने संबंधित अनुमति पत्र देखने के बाद कार्रवाई नहीं की, तब लोगों ने वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया। तब पुलिस ने रात एक बजे दोनों गाडिय़ों को कोतवाली थाने में खड़ा करवाया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि कलेक्टर के आदेश के तहत निजी बोरिंग पर प्रतिबंध था, तो फिर अनुमति किस आधार पर जारी की गई, वहीं यह भी सवाल उठाया जा रहा है कि जिन मामलों में विशेष अनुमति दी जाती है, उनमें क्षेत्र के लोगों को गर्मी के दौरान पानी उपलब्ध कराने जैसी शर्तें शामिल होनी चाहिए लेकिन संबंधित अनुमति पत्र में ऐसी किसी शर्त का उल्लेख नहीं होने की बात कही जा रही है। मामले को लेकर अब प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं। नागरिकों ने मांग की है कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर यह स्पष्ट किया जाए कि निजी बोरिंग की अनुमति किन परिस्थितियों में जारी की गई और क्या यह कलेक्टर के आदेशों के अनुरूप है।







