भोपाल मंडल की रेल सुविधाओं का GM ने लिया जायजा; 114 करोड़ से बनेगा वंदे भारत डिपो

भोपाल मंडल की रेल सुविधाओं का GM ने लिया जायजा; 114 करोड़ से बनेगा वंदे भारत डिपो
भोपाल, यशभारत। पश्चिम मध्य रेल के महाप्रबंधक दिलीप कुमार सिंह ने सोमवार को भोपाल मंडल का सघन निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने रानी कमलापति स्टेशन, निशातपुरा और नवनिर्मित कंट्रोल ऑफिस पहुंचकर यात्री सुविधाओं और रेल परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। जीएम ने स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्माणाधीन परियोजनाओं को तय समय सीमा के भीतर पूरा किया जाए ताकि यात्रियों को आधुनिक सुविधाओं का लाभ मिल सके।
वंदे भारत डिपो: सितंबर 2027 तक पूरा होगा पहला चरण
निरीक्षण के दौरान निशातपुरा में बन रहे अत्याधुनिक वंदे भारत कोचिंग डिपो पर विशेष ध्यान दिया गया। लगभग 114.58 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हो रहे इस डिपो के फेज-1 का कार्य सितंबर 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। यहाँ वंदे भारत ट्रेनों के रैक का रखरखाव और मरम्मत सुनिश्चित की जाएगी। इसमें वॉशिंग पिट लाइन, वर्कशॉप शेड और सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट जैसी आधुनिक सुविधाएं शामिल होंगी।
निशातपुरा में शुरू होगा ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट
रेलवे कर्मचारियों की दक्षता बढ़ाने के लिए निशातपुरा में 24.79 करोड़ रुपये की लागत से ‘मल्टी डिसेपनरी जोनल रेलवे इंस्टीट्यूट’ तैयार किया गया है। अगले महीने से यहाँ लोको पायलट, स्टेशन मास्टर और इंजीनियरिंग विभाग के कर्मचारियों को रिफ्रेशर कोर्स का प्रशिक्षण दिया जाएगा। जीएम ने यहाँ के क्लासरूम और मॉडल रूम का निरीक्षण कर शेष कार्यों को जल्द पूर्ण करने के निर्देश दिए।
डिजिटल तकनीक से लैस हुआ कंट्रोल ऑफिस
रेल परिचालन को और अधिक सुरक्षित और सटीक बनाने के लिए मंडल के कंट्रोल ऑफिस को अत्याधुनिक तकनीक से सुसज्जित किया गया है। यहाँ डिजिटल मॉनिटरिंग सिस्टम, रियल-टाइम ट्रेन संचालन निगरानी और उन्नत आपदा प्रबंधन कक्ष बनाया गया है। जीएम ने कहा कि इन तकनीकी संसाधनों के उपयोग से ट्रेनों के समयपालन और सुरक्षा में उल्लेखनीय सुधार होगा।
स्टेशनों पर सुरक्षा और संरक्षा पर जोर
रानी कमलापति स्टेशन पर जीएम ने सीसीटीवी कंट्रोल रूम और यात्री विश्रामालयों का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि स्टेशन पर संरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए। निशातपुरा के नवनिर्मित स्टेशन पर भी उन्होंने यात्री सुविधाओं और सुरक्षा इंतजामों की गुणवत्ता जाँची।







