दो माह में पुलिस का बड़ा एक्शन: 8 ब्लाइंड मर्डर सुलझे, 58 फरार आरोपियों पर इनाम
154 बदमाश जिला बदर, 8 पर NSA की कार्रवाई; तकनीकी जांच से मिली सफलता

1- अपराधियों पर पुलिस का सख्त शिकंजा
2- अपराध नियंत्रण के लिए लगातार अभियान जारी
जबलपुर। शहर में कानून व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने और अपराधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने के लिए जबलपुर पुलिस लगातार आक्रामक रणनीति के साथ काम कर रही है। वर्ष 2026 के पहले दो महीनों में पुलिस ने हत्या जैसे जघन्य अपराधों के मामलों में उल्लेखनीय सफलता हासिल करते हुए 8 अंधी हत्याओं का खुलासा किया है।
इन मामलों में बिना किसी स्पष्ट सुराग के हुई घटनाओं को सुलझाना पुलिस के लिए चुनौतीपूर्ण था, लेकिन तकनीकी साक्ष्य, सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल लोकेशन ट्रैकिंग, साइबर विश्लेषण और मुखबिर तंत्र के समन्वय से पुलिस ने आरोपियों तक पहुंच बनाई।
1 जनवरी से 28 फरवरी 2026 के बीच पुलिस ने न केवल इन ब्लाइंड मर्डर केस का खुलासा किया, बल्कि आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक प्रक्रिया के तहत जेल भेजा। साथ ही फरार अपराधियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित करने के लिए 58 मामलों में इनाम घोषित कर कड़ा संदेश दिया गया है कि कानून से बचना अब लगभग असंभव है।
आंकड़ों में अपराध की स्थिति
वर्ष। अवधि। हत्या के मामले खुलासा.. 2025। 1 जनवरी – 28 फरवरी। 15.. 2026। 1 जनवरी – 28 फरवरी। 14
8 ब्लाइंड मर्डर सुलझे
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, हत्या के मामलों में मामूली गिरावट के साथ-साथ जटिल मामलों के तेजी से खुलासे ने पुलिस की कार्यप्रणाली को और प्रभावी साबित किया है।
निवारक कार्रवाई में कड़ाई
शहर में अपराध की रोकथाम के लिए पुलिस ने निवारक कार्रवाई को भी प्राथमिकता दी है। वर्ष 2026 में अब तक 154 आदतन अपराधियों को जिला बदर किया गया है। इससे आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त लोगों पर मनोवैज्ञानिक दबाव बना है और कई इलाकों में अपराध की घटनाओं में कमी देखने को मिली है।
इसके अलावा, गंभीर और संगठित अपराधों में शामिल 8 आरोपियों पर राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (NSA) के तहत कार्रवाई करते हुए उन्हें कठोर कानूनी दायरे में लिया गया है। यह कदम उन अपराधियों के खिलाफ उठाया गया है, जो लगातार कानून व्यवस्था के लिए खतरा बने हुए थे।
फरार अपराधियों के खिलाफ विशेष अभियान
पुलिस ने फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष अभियान छेड़ रखा है। जनवरी और फरवरी 2026 के दौरान 58 मामलों में फरार आरोपियों पर इनाम घोषित किया गया है।
अधिकारियों का कहना है कि इनाम घोषित होने के बाद आम नागरिकों से महत्वपूर्ण सूचनाएं मिलती हैं, जिससे अपराधियों की लोकेशन ट्रैक करने और उन्हें पकड़ने में तेजी आती है। कई मामलों में जनता की सूचना पुलिस के लिए निर्णायक साबित हुई है।
इन थाना क्षेत्रों में सुलझे अंधे हत्याकांड
शहपुरा, माढ़ोताल, पाटन, पनागर, रांझी और लार्डगंज थाना क्षेत्रों में हुई 8 अंधी हत्याओं का पुलिस ने सफलतापूर्वक खुलासा किया।
जांच में सामने आया कि इन हत्याओं के पीछे विभिन्न कारण थे—
-आपसी रंजिश और पुरानी दुश्मनी
-प्रेम प्रसंग और पारिवारिक विवाद
-आर्थिक लेन-देन और छोटे झगड़े
पुलिस ने सभी मामलों में आरोपियों को गिरफ्तार कर वारदात में इस्तेमाल हथियार, वाहन और अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य जब्त किए हैं, जिससे केस मजबूत हुआ है।
जांच में तकनीक का बढ़ता उपयोग
पुलिस की सफलता के पीछे आधुनिक तकनीक का बड़ा योगदान रहा है।
-सीसीटीवी कैमरों की मदद से मूवमेंट ट्रैकिंग
-मोबाइल कॉल डिटेल और लोकेशन एनालिसिस
-साइबर सर्विलांस
-मुखबिर तंत्र का सक्रिय उपयोग
इन सभी के संयोजन से पुलिस ने कई जटिल मामलों को कम समय में सुलझाने में सफलता हासिल की।
क्या कहते हैं पुलिस कप्तान
शहर में अपराधियों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। हत्या जैसे गंभीर मामलों में शामिल किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस तकनीकी जांच, खुफिया तंत्र और सतत गश्त के माध्यम से पूरी तरह सतर्क है। आने वाले समय में भी अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।

संपत उपाध्याय, पुलिस अधीक्षक








