प्रदेश का सबसे बड़ा हवाला डकैती कांड,वर्दी में डकैती, ‘प’ नाम ने पहुंचाया जेल
कटनी जबलपुर के हवाला कारोबारियों की प्रतिस्पर्धा का परिणाम है 3 करोड़ का हेरफेर

जबलपुर यशभारत। अक्टूबर माह में सामने आया सिवनी हवाला कांड अब प्रदेशभर में सबसे चर्चित मामला बन चुका है। इसकी परतें खुलने के साथ ही हवाला नेटवर्क के तार कटनी, जबलपुर, बालाघाट और सिवनी से जुड़ते पाए गए हैं। इस हाई प्रोफाइल कांड में हवाला कारोबारी और पुलिस तिकड़ी की गुप्त साठगांठ से पूरा नेटवर्क उजागर हो गया है। इसी कड़ी में कटनी-जबलपुर हवाला व्यापारियों की प्रतिस्पर्धा के चलते कहीं न कहीं सिवनी हवाला कांड हुआ है।
कटनी से चली रकम, जबलपुर में सक्रिय हुआ नेटवर्क
हवाला की रकम सबसे पहले कटनी से शुरू हुई। इसके बाद जबलपुर के एक चर्चित हवाला कारोबारी ने इसे आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभाई। कारोबारी ने शहर में तैनात क्राइम आरक्षक और एक अन्य आरक्षक को हवाला कार की गुप्त लोकेशन दी। आरक्षकों ने वरिष्ठ अधिकारी को भी सूचना दी थी, लेकिन संवेदनशीलता के चलते उन्होंने खुद को इससे अलग कर लिया।
आरक्षक से सिपाही और फिर भूतपूर्व सीएसपी तक पहुंची बात-
क्राइम शाखा के आरक्षक ने जानकारी थाने के एक सिपाही को दी। यह वही सिपाही है जो पहले भी कई हवाला मामलों में संदिग्ध भूमिका में रह चुका है। सिपाही ने यह गुप्त सूचना भूतपूर्व सीएसपी, जो इस समय बालाघाट में पदस्थ हैं, तक पहुंचाई। भूतपूर्व सीएसपी ने अपने बैच की सिवनी में पदस्थ सीएसपी मैडम को हवाला कार की लोकेशन दी। जानकारी मिलते ही सिवनी पुलिस ने नेटवर्क पर तेज़ कार्रवाई की रूपरेखा तैयार की इसी सूचना ने हवाला के इस बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश कर दिया।
कटनी से शुरू होकर चार जिलों में फैला हवाला नेटवर्क
जबलपुर के हवाला कारोबारी का नाम सबसे आगे।
दो आरक्षक, थाने का सिपाही और भूतपूर्व सीएसपी बने राजदार।
गुप्त जानकारी पहुंची सिवनी की सीएसपी मैडम तक।
होंक पोर्स और क्राइम ब्रांच पर भी जांच एजेंसियों की नजर।
आने वाले दिनों में कई और बड़े नामों के क्या होंगे खुलासे।
बात करने से भी कतरा रहे अधिकारी
जिस प्रकार से मामला लगातार सुर्खियों में बना है और हाईप्रोफाइल हो चुका है उसके बाद बड़े से बड़े अधिकारी पूरे मामले में कुछ भी कहने से बचते नजर आ रहे हैं। जिस प्रकार से जबलपुर में कुछ पुलिस विभाग के कर्मचारियों और अधिकारियों के नाम सामने आए हैं उसके बाद कहीं न कहीं जांच एजेंसियों की रडार में ये सभी अधिकारी हैं।
हॉक फोर्स और क्राइम ब्रांच पर भी संदेह की सुई
छानबीन में अब संदेह की सुई बालाघाट हॉक फेर्स के एक पुलिस अधिकारी और जबलपुर क्राइम ब्रांच के आरक्षक की ओर घूम गई है। सूत्रों के मुताबिक, सोमवार को दोनों से जांच एजेंसियों ने अलग-अलग पूछताछ की। इस पूछताछ के बाद मामला और गंभीर हो गया है। जांच एजेंसियां हर कड़ी की गहन जांच कर रही है। हवाला नेटवर्क से जुड़े सभी लिंक तलाशे जा रहे हैं। खुफिया एजेंसियों की नज़र अब प्रदेश स्तर तक फैले हवाला सिंडिकेट पर टिक गई है। कटनी से सिवनी तक फैले इस हवाला नेटवर्क में कारोबारी और पुलिस तिकड़ी की भूमिका ने सिस्टम में हड़कंप मचा दिया है।







