साइबर ठगी और मानसिक प्रताड़ना से तंग आकर 65 वर्षीय बुजुर्ग ने गोली मारकर की आत्महत्या : क्षेत्र में हड़कंप

रीवा। जिले से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है, जहां साइबर ठगी और मानसिक प्रताड़ना से तंग आकर 65 वर्षीय बुजुर्ग सरोज दुबे ने खुद की लाइसेंसी बंदूक से गोली मारकर आत्महत्या कर ली।यह घटना शहर के कोतवाली थाना क्षेत्र अंतर्गत उनके पुश्तैनी निवास पर खुद को मारी गोली l
परिजनों के अनुसार, सरोज दुबे साइबर ठगों के जाल में फंस चुके थे। उन्होंने करीब ₹37,770 की रकम अपने मित्रों और रिश्तेदारों से उधार लेकर ठगों के कहने पर ट्रांसफर की, लेकिन इसके बाद भी उन्हें धमकियों और ब्लैकमेलिंग का सिलसिला झेलना पड़ा।
मृतक के दामाद उमेश गुप्ता उर्फ गुड्डू ने बताया कि ठग कभी खुद को पुलिस अधिकारी, तो कभी सरकारी अफसर बताकर व्हाट्सएप कॉल और मैसेज के जरिए सरोज दुबे को डराते रहे। उन्होंने ससुर को थाने में शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी थी, लेकिन मानसिक दबाव इतना बढ़ गया कि उन्होंने यह कदम उठाया ।
सरोज दुबे के पिता मुन्नीलाल दुबे तहसीलदार के पद से सेवानिवृत्त हुए थे। उनके निधन के बाद सरोज ने उनकी लाइसेंसी 12 बोर की बंदूक अपने नाम कराई थी, उसी हथियार से उन्होंने खुद को गोली मारी। घटना की सूचना मिलते ही सिटी कोतवाली पुलिस और एफएसएल टीम मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी श्रंगेश राजपूत ने बताया कि घटनास्थल से सबूत जुटाए जा रहे हैं और परिजनों के बयान लिए जा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
यह घटना न केवल साइबर क्राइम की गंभीरता को उजागर करती है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि ठग किस तरह लोगों को मानसिक रूप से तोड़ रहे हैं। रीवा में बढ़ते साइबर अपराध को देखते हुए नागरिकों और सामाजिक संगठनों ने प्रशासन और साइबर सेल से सख्त कार्रवाई की मांग की है।







