जबलपुर में सद्गुरु द्वारा अभिकल्पित 7 दिवसीय इनर इंजीनियरिंग कार्यक्रम संपन्न
जबलपुर, यशभारत

जबलपुर में सद्गुरु द्वारा अभिकल्पित 7 दिवसीय इनर इंजीनियरिंग कार्यक्रम संपन्न
जबलपुर, यशभारत। ईशा फाउंडेशन द्वारा आयोजित सात दिवसीय ‘इनर इंजीनियरिंग’ कार्यक्रम का मंगलवार को जबलपुर में समापन हुआ। सद्गुरु द्वारा अभिकल्पित यह कार्यक्रम प्राचीन योग विज्ञान पर आधारित है, जिसमें प्रतिभागियों को जीवन में स्पष्टता, संतुलन और बेहतर अनुभव के लिए व्यावहारिक योगिक साधन उपलब्ध कराए जाते हैं। जबलपुर में यह कार्यक्रम 19 से 25 अगस्त तक दो सत्रों में आयोजित किया गया। पहला सत्र सुबह 6 से 9 बजे और दूसरा शाम 6:30 से रात 9:30 बजे तक संचालित हुआ। कार्यक्रम में 19 वर्ष से लेकर 60 वर्ष से अधिक आयु के कुल 65 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। रविवार को सुबह 7 बजे से शाम 5 बजे तक विशेष सत्र आयोजित किया गया, जिसमें सभी प्रतिभागियों को सद्गुरु द्वारा उपलब्ध कराई गई ‘शाम्भवी महामुद्रा क्रिया’ में दीक्षित किया गया। आयोजकों के अनुसार, यह 21 मिनट की योगिक क्रिया शरीर, मन, भावनाओं और ऊर्जा के बीच संतुलन स्थापित करने में सहायक मानी जाती है।

कार्यक्रम के बाद प्रतिभागियों ने अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने बताया कि अभ्यास के बाद उन्हें सकारात्मकता, ऊर्जा और मानसिक स्पष्टता में बदलाव महसूस हुआ। आयोजकों के अनुसार, वैज्ञानिक अध्ययनों में भी शाम्भवी महामुद्रा के नियमित अभ्यास से तनाव, नींद और भावनात्मक संतुलन जैसे पहलुओं में सकारात्मक प्रभाव की रिपोर्ट की गई है। कार्यक्रम का संचालन ईशा योग केंद्र, कोयंबटूर से किया गया, जबकि जबलपुर में ईशा फाउंडेशन के प्रशिक्षित कार्यकर्ताओं ने प्रतिभागियों को निरंतर मार्गदर्शन प्रदान किया।







