
जबलपुर, यश भारत। जिला अधिवक्ता संघ के चुनाव सोमवार को भारी हंगामे और विवाद के बीच रद्द कर दिए गए। मतदान के दौरान बैलेट पेपर में गड़बड़ी और कथित फर्जी बैलेट मिलने के आरोपों के बाद चुनाव प्रक्रिया पूरी तरह स्थगित कर दी गई। चुनाव निरस्त होने की घोषणा के बाद अधिवक्ताओं का आक्रोश फूट पड़ा और उन्होंने चुनाव अधिकारी जी.एस. ठाकुर का पुतला फूंककर विरोध प्रदर्शन किया।
जानकारी के अनुसार सुबह निर्धारित समय पर मतदान शांतिपूर्ण माहौल में शुरू हुआ था और बड़ी संख्या में अधिवक्ता मतदान केंद्र पहुंचकर अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे थे। लेकिन दोपहर करीब 12 बजे प्रत्याशियों और उनके समर्थकों के बीच विवाद बढ़ गया। देखते ही देखते बहस धक्का-मुक्की और हंगामे में बदल गई, जिससे मतदान प्रक्रिया बाधित हो गई और न्यायालय परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
इसी दौरान चुनाव में गंभीर अनियमितताओं के आरोप सामने आए। अधिवक्ताओं ने बैलेट पेपर में गड़बड़ी और कथित रूप से फर्जी बैलेट मिलने का आरोप लगाया। विवाद बढ़ने के बाद चुनाव अधिकारियों ने मतदान प्रक्रिया रोक दी और बाद में पूरे चुनाव को रद्द करने का निर्णय लिया।
चुनाव रद्द होने की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में अधिवक्ता एकत्र हो गए और चुनाव अधिकारी जी.एस. ठाकुर के खिलाफ नारेबाजी करते हुए उनका पुतला फूंका। प्रदर्शनकारियों ने पूरे चुनाव की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए मामले की जांच और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग की।
फिलहाल चुनाव रद्द किए जाने के संबंध में विस्तृत आधिकारिक आदेश और कारणों का इंतजार है। नए सिरे से चुनाव कब होंगे, इसका निर्णय भी चुनाव प्राधिकरण के आगामी आदेश के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।







