लकड़ी की दुकान में भीषण आग, शिफ्टिंग में देरी बन रही बड़ा खतरा

लकड़ी की दुकान में भीषण आग, शिफ्टिंग में देरी बन रही बड़ा खतरा
भोपाल, यश भारत। पुल इलाके के टिंबर मार्केट में रविवार दोपहर फिर आग लगने की घटना सामने आई। लकड़ी की एक दुकान में लगी आग देखते ही देखते विकराल हो गई और लपटें करीब 20 फीट तक ऊपर उठने लगीं। आसपास भारी मात्रा में लकड़ी और ज्वलनशील सामग्री होने के कारण पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल बन गया। तेज हवा के चलते आग तेजी से फैलने लगी, जिसे काबू में करने में दमकल दल को करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत करनी पड़ी।
बरखेड़ी ऑटो स्टैंड के पास स्थित एक टिंबर दुकान में दोपहर करीब 2 बजे अचानक आग भड़क उठी। दुकान में बड़ी मात्रा में लकड़ी और अन्य ज्वलनशील सामग्री रखी होने से आग तेजी से फैलती चली गई। मौके पर पहुंची दमकल की गाड़ियों ने लगातार प्रयास कर आग पर काबू पाया, जिससे आसपास की अन्य दुकानों को बड़ी क्षति से बचाया जा सका।
रेलवे ट्रैक के पास होने से बढ़ा खतरा
टिंबर मार्केट के ठीक पीछे रेलवे ट्रैक गुजरता है, जहां से घटना के दौरान ट्रेनें भी निकलती रहीं। आग की तीव्रता को देखते हुए रेलवे प्रशासन को भी अलर्ट किया गया और ट्रेनों को सावधानी के साथ उस मार्ग से निकाला गया। स्थानीय लोगों के मुताबिक यदि आग और फैल जाती तो स्थिति बेहद गंभीर हो सकती थी।
शिफ्टिंग की प्रक्रिया में लगी थी दुकान
बताया जा रहा है कि जिस दुकान में आग लगी, वहां से लकड़ी और अन्य सामान को शिफ्ट करने की प्रक्रिया चल रही थी। भोपाल मेट्रो परियोजना के तहत इस टिंबर मार्केट को दूसरी जगह स्थानांतरित किया जाना है। इसी दौरान यह हादसा हो गया। हालांकि प्रारंभिक तौर पर आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है।
शहर के घनी आबादी वाले इलाके में स्थित यह टिंबर मार्केट लंबे समय से प्रशासन के लिए चिंता का विषय बना हुआ है। बड़ी मात्रा में लकड़ी और आरा मशीनों के कारण यह क्षेत्र किसी ‘बारूद के ढेर’ से कम नहीं माना जाता। मेट्रो के अंडरग्राउंड रूट में बाधा बनने के साथ-साथ यहां बार-बार आग लगने की घटनाएं भी सामने आती रही हैं। सरकार द्वारा इस मार्केट को स्थानांतरित करने के लिए करीब 18 एकड़ जमीन आवंटित की जा चुकी है और लगभग 5.85 करोड़ रुपये की राशि भी स्वीकृत की जा चुकी है, लेकिन डेढ़ साल बाद भी शिफ्टिंग की प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी है।
पहले भी हो चुके हैं बड़े हादसे
टिंबर मार्केट में आग लगने की यह पहली घटना नहीं है। वर्ष 2016 में यहां भीषण आग लगने से कई आरा मशीनें जलकर खाक हो गई थीं और आग पर काबू पाने के लिए कई घंटों तक दमकल दल को मशक्कत करनी पड़ी थी। पिछले साल भी इसी तरह की घटना सामने आई थी। इसके बावजूद मार्केट को समय पर शिफ्ट नहीं किया जा सका। लगातार हो रही घटनाओं के बाद स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि टिंबर मार्केट को जल्द सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट नहीं किया गया, तो भविष्य में और बड़ा हादसा होने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।







