ऐतिहासिक बलेहा तालाब भयंकर दुर्दशा का शिकार,वृक्षारोपण करके भूला नगर पालिका

जबलपुर यश भारत।नगर पालिका पनागर क्षेत्रांतर्गत बलेहा तालाब पनागर क्षेत्र की एक ऐतिहासिक धरोहर है जिसमें जल संग्रहण के कारण पनागर नगर में भूमिगत जल स्तर साल भर अच्छा बना रहता है परंतु इस पुरातन तालाब की देख रेख भगवान भरोसे है
नगर पालिका द्वारा विगत दिनों बरसात के अंत में तालाब के आस पास वृक्षारोपण किया गया था और अभी बैठने के लिये कुर्सिया रखवा दी हैं परंतु बलेहा तालाब का गहरीकरण, सौंदर्यीकरण पर किसी भी प्रकार नगर पालिका का ध्यान नहीं है, कई वर्ष पहले लगे पेवर ब्लाक उखड़ चुके हैं, बलेहा तालाब अपनी आखिरी सांसे गिन रहा है, लेकिन नगर पालिका प्रशासन को इससे कोई वास्ता नहीं है जब पनागर में अकाल सूखा जैसे हालात बन जायेंगे तब प्रशासन नींद से जागेगा और पूरी जनता को इसका खामियाजा भुगतना पड़ेगा पनागर के लोगों में बलेहा तालाब के लिये काफी अपेक्षाऐं हैं, सभी बलाओं का हरण कर जनता की रक्षा करने वाला तालाब ही बलेहा तालाब जाना जाता है परंतु नगर पालिका जनप्रतिनिधि शासन प्रशासन बहुत ही गहरी चिरनिद्रा में विलीन है
तालाब के चहुंओर भयंकर गंदगी का आलम है, तालाब का रकवा लगातार कम होता जा रहा है अतिक्रमणों की बाढ़ आ गयी है और तालाब के हर किनारे हर घाट में भयंकर गंदगी बनी हुई है । केवल सिंघाड़ा खेती और मछली पालन किया जा रहा है वह भी भयंकर गंदगी के बीचों बीच, तालाब का पानी पीने तो क्या नहाने के योग्य भी नहीं है भयंकर गंदगी के कारण तालाब का पानी विषैला हो रहा है, इसमें वर्षों से एक वाटर ट्रीटमेंट प्लांट लगाये जाने की मांग नगरवासी करते आ रहे है नगर पालिका पनागर प्रशासन से अपेक्षा है कि पनागर नगर के ऐतिहासिक बलेहा तालाब का गहरीकरण, सौंदर्यीकरण, वाॅटर ट्रीटमेंट प्लांट लगाने, चारों ओर वाकिंग ट्रैक, सघन वृक्षारोपण एवं उसकी मानिटरिंग आवश्यक रूप से कराई जाये अन्यथा आम जनता माननीय कलेक्टर जबलपुर, माननीय न्यायालय की शरण में जाने को विवश होगी जिसकी संपूर्ण जवाबदारी शासन प्रशासन की होगी ।







