यश भारत खबर का असर : नदी से पानी दोहन पर प्रकाशित खबर के बाद हरकत में आया प्रशासन, नोटिस जारी

यशभारत डिंडोरी l जिले की जीवनदायिनी मानी जाने वाली चकरार नदी इन दिनों अपने अस्तित्व के संकट से जूझ रही है। जिसके चलते यश भारत ने प्रमुखता से अपने गतांक में खबर प्रकाशित की थी, इसके बाद हरकत में आए प्रशासन ने नोटिस जारी किए हैं।
एक ओर नदी में लगातार गंदगी और कचरा फेंककर जल स्रोतों को प्रदूषित किया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर बड़े मोटरों के जरिए नदी का पानी खींचकर जल स्तर को तेजी से घटाया जा रहा है। क्षेत्रीय लोगों ने स्थानीय प्रशासन से नदी संरक्षण के लिए ठोस व्यवस्था करने की मांग उठाई है।
गौरतलब है कि चकरार नदी में 5 एचपी मोटर लगाकर पानी खींचे जाने का मामला सामने आने के बाद ग्रामीणों ने लिखित शिकायत की थी। आवेदन में आरोप लगाया गया था कि नदी से लगातार पानी निकाले जाने के कारण आसपास के कुएं और बोरवेल सूखने लगे हैं तथा क्षेत्र में जल संकट गहराता जा रहा है।
इस गंभीर मामले को देखते हुए “यशभारत” ने प्रमुखता से खबर प्रकाशित की थी, जिसके बाद प्रशासन हरकत में आया और संबंधित लोगों को नोटिस जारी किए जाने की जानकारी सामने आई है। ग्रामीणों का कहना है कि केवल नोटिस जारी करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि नदी संरक्षण और अवैध जल दोहन पर सख्त कार्रवाई आवश्यक है।
क्षेत्रीय लोगों ने सवाल उठाया है कि शासन द्वारा चलाए जा रहे “जल गंगा संवर्धन अभियान” का लाभ आखिर जमीनी स्तर पर कब दिखाई देगा। जब नदियों में खुलेआम गंदगी डाली जा रही हो और मोटरों से लगातार पानी निकाला जा रहा हो, तब संरक्षण अभियान की सार्थकता पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि चकरार नदी में हो रहे अतिक्रमण, प्रदूषण और अवैध जल दोहन पर तत्काल रोक लगाई जाए। साथ ही नदी किनारे स्वच्छता अभियान चलाकर जल स्रोतों को बचाने के लिए स्थायी कार्ययोजना बनाई जाए, ताकि आने वाली पीढ़ियों के लिए नदी का अस्तित्व सुरक्षित रह सके।







