नरसिंहपुर,गाडरवारा। नक्सली मुठभेड़ में नरसिंहपुर की माटी के लाल आशीष शर्मा शहीद हो गए हैं, नरसिंहपुर जिले के बोहानी गांव के रहने वाले आशीष शर्मा हॉक फोर्स में इंस्पेक्टर थे और उन्हें पूर्व में दो बार भारत सरकार द्वारा वीरता पदक से सम्मानित किया गया था…। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव आज ग्राम बोहानी पहुँचे , और वीर शहीद, माटी के लाल की अंतिम यात्रा में शामिल होकर श्रद्धा सुमन अर्पित किए lइस पूरी घटना पर दुख व्यक्त करते हुए शहीद परिवार को हर सम्भव मदद देने का आश्वासन भी दियाl
मध्यप्रदेश के नरसिंहपुर जिले के बोहानी गांव में उस वक्त हर किसी की आंखें नम हो गईं जब गांव के रहने वाले वीर जवान आशीष शर्मा के पार्थिव शरीर को घर लाया गया lगांव गांव व घर घर के सामने आमजनों ने शहीद को पुष्पवर्षा से सम्मान करते हुए अंतिम विदाई दी एवं उनका अंतिम संस्कार राजकीय सम्मान के साथ किया गयाl आशीष शर्मा मध्यप्रदेश हॉक फोर्स में इंस्पेक्टर के पद पर पदस्थ थे और छत्तीसगढ़-महाराष्ट्र सीमा पर राजनांदगांव जिले के डोंगरगढ़ क्षेत्र में बुधवार को नक्सलियों से हुई मुठभेड़ में उन्हें वीरगति प्राप्त हुई। उन्हें मुठभेड़ के दौरान सीने, पेट और पैर में गोली लगने से वह वीरगति को प्राप्त हुए
आशीष शर्मा साल 2016 बैच के प्लाटून कमांडर थे। आशीष शर्मा तीन राज्यों मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ की संयुक्त नक्सल उन्मूलन टीम का नेतृत्व कर रहे थे। बुधवार को नक्सलियों के मूवमेंट की सूचना के बाद जंगल में आशीष शर्मा टीम के साथ सर्चिंग पर गए थे जहां नक्सलियों से मुठभेड़ हुई। आशीष शर्मा के पिता देवेन्द्र शर्मा किसान हैं और उनका एक छोटा भाई भी है जो भोपाल में पढ़ाई कर रहा है। हाल ही में उनकी शादी तय हुई थी और जनवरी में उनकी शादी होने वाली थी। आशीष शर्मा को पूर्व में कर्तव्य के दौरान अदम्य साहस, असाधारण बहादुरी प्रदर्शित करने के लिए दो बार भारत सरकार द्वारा वीरता पदक से सम्मानित किया गया था। कल शहीद जवान के पार्थिव शरीर को राजकीय सम्मान के साथ उनके पैतृक गांव बोहानी में अंतिम संस्कार किया जाएगा । उक्त अवसर पर प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव व मप्र सरकार से राव उदयप्रताप सिंह परिवहन स्कूल शिक्षा मंत्री व प्रहलाद सिंह पटैल पंचायत एवं ग्रामीण विकास श्रम मंत्री ,विधानसभा नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार, कांग्रेश प्रदेशाध्यक्ष जीतू पटवारी एवं शासन प्रशासन के अधिकारी गण उपस्थित रहेl
Back to top button